अमर उजाला ब्यूरो
हरिद्वार।
राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग की सदस्य डा. स्वराज विद्वान ने कहा कि सहारनपुर में दलितों पर हुए हमले कुछ शरारती तत्वों का काम है। ऐसा उन्होंने राजनीतिक कारणों से भाजपा को बदनाम करने के लिए किया है। आयोग इन दंगों की जांच कराएगा। संभवत: 15 एवं 16 जून को सहारनपुर में आयोग की टीम दलितों पर हुए हमलों की विस्तार से जांच करेगी।
आयोग की सदस्य बनने के बाद पहली बार यहां पहुंची डा. स्वराज विद्वान ने सोमवार को शिवालिक गेस्ट हाउस भेल में पत्रकार वार्ता में कहा कि आयोग का उद्देश्य दलितों के हितों की सुरक्षा करना है। किसी भी दलित के उत्पीड़न का मामला आयोग की संज्ञान में आने पर तत्काल संज्ञान लिए जाएगा। डा. स्वराज ने कहा कि कांग्रेस ने देश की आजादी से ही दलितों को कमजोर करने का काम किया। कांग्रेस ने दलितों का कर्जदार बनाकर छोड़ दिया है। आज भी दलितों के पास न घर है और न ही नौकरी।
स्वराज विद्वान का यहां पहुंचने पर भारतीय अनुसचित जाति इंपलाईज वेलफेयर एसोसिएशन भेल ने स्वागत किया। संगठन् के पदाधिकारियों ने डा. स्वराज को दलितों की विभिन्न समस्याओं से अवगत करते हुए भेल प्रबंधन पर उनके साथ भेदभाव का आरोप लगाया। इस अवसर पर एसोसिएशन के अध्यक्ष अरुण कुमार, महासचिव कुलदीप सिंह, अनुसूचित जाति मोर्चा के जिलामंत्री स्वराज सिंह, ब्रह्मपाल सिंह, सीपी सिंह, शिवदत्त कुमार, सुशील कुमार, मंजीत कुमार, श्रवण कुमार, ब्रिजेश कुमार, योगेश कुमार, विकेश कुमार, कर्णपाल, विनोद कुमार, शिव कुमार, परितोष कुमार आदि मौजूद थे। उन्होंने इस दौरान जिले में दलितों से जुड़े मामलों और उनकी समस्याओं के बारे में जानकारी भी ली।