अपनी मां के साथ ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ डेब्यू करने वाले नटराजन
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नटराजन के जीवन की कहानी भी बेहद भावुक करने वाली है। तमिलनाडु के सालेम जिले में स्थित चिन्नप्पमपट्टी गांव में नटराजन के पिता थंगारासु करघा कारीगर थे। मां शांता एक छोटी सी खाने की दुकान चलाती हैं, करघे का काम छूटा तो पिता भी इसी दुकान में काम करने लगे। क्रिकेट का सामान खरीदना तो दूर की बात, जूते की एक नई जोड़ी खरीदने से पहले भी नटराजन को महीनों सोच-विचार करना होता था। 11 साल की उम्र में क्रिकेट से जुड़े नटराजन ने अपनी मेहनत से अपनी किस्मत बदली।