टेस्ट क्रिकेट में टीम इंडिया के लिए नंबर तीन पर बल्लेबाजी करने वाले
चेतेश्वर पुजारा आईपीएल में कोलकाता नाइट राइडर्स, रॉयल चैंलेंजर बैंगलोर और किंग्स इलेवन पंजाब के लिए खेल चुके हैं। आईपीएल में भले ही इस खिलाड़ी का स्ट्राइक रेट 99 से ज्यादा का हो, लेकिन उनकी औसत 20 से भी कम है। सौराष्ट्र के इस बल्लेबाज को आईपीएल के पिछले दो सीजन से किसी टीम ने नहीं खरीदा है।
आईपीएल में पुजारा जैसा हाल मुनाफ पटेल का भी है। आईपीएल के शुरुआती तीन सीजन में राजस्थान रॉयल्स के लिए खेलते हुए उन्होंने शानदार प्रदर्शन किया था। चौथे सीजन में इस खिलाड़ी को मुंबई इंडियंस ने खरीद लिया था। 2017 में गुजरात लॉयंस की तरफ से खेलने वाले मुनाफ ने इससे पहले आईपीएल में अपना आखिरी मैच 2013 में खेला था। पिछले सीजन में गुजरात लॉयंस ने उन्हें मात्र 30 लाख रुपये में खरीदा था।
अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में
इशांत शर्मा का प्रदर्शन बेशक जोरदार रहा हो, लेकिन वह आईपीएल के किसी भी सीजन में खुद को बहुत ज्यादा साबित नहीं कर पाए हैं। पहले सीजन में केकेआर के लिए खेलने वाले इशांत बाद में किंग्स इलेवन पंजाब के लिए भी खेले थे, लेकिन वहां रहकर भी इशांत ज्यादा प्रभाव डालने में नाकाम हो गए। 2016 में इशांत राइजिंग पुणे सुपरजाइंट्स के लिए खेले थे।
मुंबई इंडियंस में हार्दिक पंड्या, कुनाल पंड्या और जसप्रीत बुमराह के साथ बॉलिंग डिपार्टमेंट को मजबूत बनाने वाले
प्रज्ञान ओझा को मुंबई ने अपने स्क्वैड में शामिल नहीं किया है। बाएं हाथ के इस अटैकिंग स्लो आर्म ऑर्थोडॉक्स बॉलर को पिछले दो सीजन से किसी टीम ने नहीं खरीदा है। उन्होंने साल 2015 में अपना आखिरी आईपीएल मैच खेला था। बता दें कि आपीएल के दूसरे सीजन में डैक्कन चार्जर के लिए खेलते हुए प्रज्ञान ने लाजवाब गेंदबाजी की थी। यह सीजन डैक्कन चार्जर ने ही जीता था।
साल 2008 से 2014 तक दिल्ली डेयरडेविल्स के लिए खेलने वाले वेणुगोपाल राव 2015 से आईपीएल में नजर नहीं आए हैं। मिडल ऑर्डर में बल्लेबाजी करने वाले वेणुगोपाल 2011 के अलावा किसी भी सीजन में कुछ खास नहीं कर पाए हैं। आईपीएल-2011 में उन्होंने 14 पारी में 336 रन बनाए थे। हालांकि डोमेस्टिक टी-20 क्रिकेट में इस 37 वर्षीय खिलाड़ी का प्रदर्शन लाजवाब रहा है। अब तक खेले कुल 83 घरेलू मैचों में वेणुगोपाल ने 121.71 की औसत से रन बनाए हैं।