पिछले बार की चैंपियन टीम कोलकाता नाइटराइडर्स की टीम का क्षेत्ररक्षण के लिए आज का दिन बहुत अच्छा नहीं रहा। खासकर फिरकी गेंदबाज सुनील नारायन के लिए।
किंग्स इलेवन पंजाब के खिलाफ मुकाबले में पहले गेंदबाजी करने वाली कोलकाता टीम को शुरुआत में ही कई सफलताएं मिल जातीं अगर उसने 5 आसान कैच नहीं टपकाए होते। अपने एक्शन के कारण कई बार टीम में अंदर-बाहर होने वाले नारायन की गेंद पर 2 कैच टपकाए गए।
अपनी गेंदबाजी एक्शन को लेकर परेशान सुनील नारायन के लिए आज उनके साथियों ने सहयोग नहीं दिया तो उन्हें खुद ही प्रयास करना पड़ा और 4 विकेट झटक लिए।
हालांकि टीम लकी रही क्योंकि बल्लेबाजों खासकर आंद्रे रसेल की आतिशी पारी ने टूर्नामेंट में सातवीं जीत दिला दी जिससे शाहरुख खान की सहस्वामीत्व वाली टीम पहली बार शीर्ष पायदान पर पहुंच गई।
नारायन के ओवर में छूटे 2 आसान कैच, झटके 4 विकेट
पंजाब के खिलाफ कोलकाता की ओर से कुल 5 कैच टपकाए गए और वह भी शुरुआती 8 ओवर में। कैच टपकाने की शुरुआत दूसरे ओवर की दूसरी गेंद से हुई। यह ओवर आंद्रे रसेल डाल रहे थे और दूसरी ही गेंद पर मुरली विजय ने एक्स्ट्रा कवर की दिशा में हवा में शॉट खेला जिसे गंभीर ने प्रयास तो खूब किया लेकिन सही तरीके से लपक नहीं सके।
दूसरा कैच टपका पंजाब की पारी के चौथे ओवर में। और इस बार भी कैच छूटा विजय का विजय का लेकिन गेंदबाजी कर रहे थे सुनील नारायन। नारायन इस समय अपने एक्शन को लेकर खासे परेशान चल रहे हैं। कोलकाता की ओर से तीसरा कैच भी विजय का ही छूटा और वह भी नारायन के अगले ओवर में।
नारायन का पहला कैच टपकाया ब्रॉड हॉग ने, जो स्क्वायर लेग में खड़े थे और कैच लपक नहीं सके। इसके बाद उनका दूसरा कैच छोड़ा उमेश यादव ने। शॉर्ट फाइन लेग की दिशा में खेले गए शॉट को उमेश नहीं लपक पाए।
क्षेत्ररक्षकों की ओर लगातार 2 ओवर में कैच छोड़े जाने के बाद शायद नारायन ने यह तय कर लिया कि उन्हें इस मैच में सफलता हासिल करनी है तो खुद ही प्रयास करना होगा।
इसके बाद उन्होंने 3 जीवनदान पाने वाले विजय को शानदार गेंद पर बोल्ड कर दिया। विजय 28 रन बनाकर आउट हो गए।
विजय को पवेलियन भेजने के बाद दूसरे ओपनर मनन वोहरा (39) को अपनी ही गेंद पर कॉट एंड बोल्ड कर दिया। टीम को तीसरी सफलता दिलाते हुए इस कैरेबियाई गेंदबाज ने रिदिमान साहा को बोल्ड कर दिया।
पंजाब को चौथा झटका भी नारायन ने ही दिया। जब उन्होंने आतिशी पारी खेल रहे ग्लेन मैक्सवेल (43) को जोहान बोथा के हाथों कैच आउट कराया। उन्होंने 2 कैच छोड़े जाने के बाद 4 विकेट हासिल किए जिसमें 3 सफलता में उन्होंने किसी अन्य साथी का सहयोग नहीं लिया।
नारायन आज लय में भी दिखे और 4 ओवर के स्पेल में 19 रन देकर 4 विकेट झटके। कोलकाता की ओर से नारायन के अलावा एक अन्य सफलता आंद्रे रसेल को भी मिली।
इन 4 विकेटों के दम पर नारायन ने पंजाब के खिलाफ कुल 20 विकेट झटक लिए। आईपीएल की किसी भी टीम के खिलाफ उनका यह सबसे बेहतर प्रदर्शन है।
जिसका-जिसका छूटा कैच सफलता उसी को ही मिली
किंग्स इलेवन पंजाब के खिलाफ कोलकाता की ओर से 5 कैच टपकाए गए जिसमें सुनील नारायन के ओवर में 2 कैच और 3 कैच आंद्रे रसेल के ओवर में छूटे।
नारायन से ज्यादा अनलकी रसेल रहे जिन्होंने विकेट झटकने के 3 मौके बनाए लेकिन क्षेत्ररक्षकों की लापरवाही से वह मौका जाता रहा।
दूसरे ओवर की दूसरी गेंद पर रसेल के ओवर में ही मुरली विजय का कैच छूटा था। इसके बाद आठवें ओवर में भी 2 कैच छूटे जो रसेल डाल रहे थे। 7.2 ओवर में उन्होंने मनन वोहरा को गेंद डाली लेकिन विकेट के पीछे गए कैच को विकेटकीपर रॉबिन उथप्पा लपक नहीं सके।
इसके बाद इसी ओवर की छठी गेंद पर वोहरा का एक और कैच छोड़ दिया गया। इस बार कैच छोड़ने वाले क्षेत्ररक्षक थे यूसुफ पठान।
लेकिन एक बात राहत देने वाली रही कि जिन 2 गेंदबाजों के ओवर में कैच छूटे उन्हें ही सफलता भी मिली। चार विकेट नारायन ने जबकि एक विकेट रसेल ने निकाले।