वहीं, भारतीय टीम में पृथ्वी शॉ, धवन, हार्दिक पंड्या और भुवनेश्वर कुमार की ही अंतिम एकादश में जगह पक्की लग रही है। अन्य स्थानों के लिए हालांकि एक से अधिक दावेदार हैं। नंबर तीन के लिए देवदत्त पडीक्कल और ऋतुराज गायकवाड़ दावेदार हैं। यह देखना होगा कि क्या सूर्यकुमार यादव की शॉट जमाने की काबिलियत पर भरोसा दिखाया जाता है कि मनीष पांडे को निरंतरता दिखाने के लिए मौका दिया जाता है। ऑफ स्पिन विभाग में कृष्णप्पा गौतम हैं और देखना होगा कि क्या उन्हें बाएं हाथ के स्पिनर क्रुणाल पांड्या पर प्राथमिकता मिलती है।
राहुल चाहर और युजवेंद्र चहल के बीच भी लेग स्पिनर के स्थान के लिए मुकाबला है। बायें हाथ के कलाई के स्पिनर कुलदीप यादव भी मौके की तलाश में हैं। विकेटकीपर के लिए भी इशान किशन और संजू सैमसन दावेदार हैं। स्वाभाविक हैं कि ऐसे में टीम प्रबंधन को अगले 11 दिन तक इस तरह के कई सवालों के जवाब ढूंढने होंगे। विराट कोहली की अगुवाई में टीम इंग्लैंड में अपने टेस्ट रिकॉर्ड में सुधार करने को प्रतिबद्ध है तो धवन की कप्तानी और राहुल द्रविड़ की कोचिंग वाली टीम सीनियर टीम के लिए विकल्प तैयार करना चाहती है। भारतीय खिलाड़ियों में से अधिकतर टी-20 में नियमित तौर पर खेलते रहे हैं। साल के आखिर में टी20 विश्व कप होना है और ऐसे में प्रत्येक खिलाड़ी अपना दावा मजबूत करने की कोशिश करेगा।
भारतीय टीम में छह खिलाड़ी ऐसे हैं, जिन्होंने इससे पहले अंतरराष्ट्रीय मैच नहीं खेले हैं लेकिन द्रविड़ साफ कर चुके हैं कि इस दौरे में हर किसी को मौका देना मुश्किल होगा। नए खिलाड़ियों में स्पिनर वरुण चक्रवर्ती और बाएं हाथ के तेज गेंदबाज चेतन सकारिया टी20 विश्व कप के लिए टीम में जगह बनाने के दावेदारों में शामिल हैं। धवन खुद यूएई में होने वाले विश्व कप की टीम में जगह बनाने को लेकर सुनिश्चित नहीं हैं क्योंकि टीम में पारी के आगाज करने के लिए रोहित शर्मा, विराट कोहली और केएल राहुल जैसे दावेदार हैं। धवन शीर्ष क्रम में ही बल्लेबाजी कर सकते हैं और भारतीय कप्तान अपना दमखम दिखाने के लिये तैयार है। यही स्थिति भुवनेश्वर की है जो टी-20 टीम में जसप्रीत बुमराह के साथ मुख्य गेंदबाज के रूप में शुरुआत करने के लिए अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करना चाहेंगे।
भारत: शिखर धवन (कप्तान), पृथ्वी शॉ देवदत्त पडिक्कल, ऋतुराज गायकवाड़, सूर्यकुमार यादव, मनीष पांडे, नितीश राणा, ईशान किशन (विकेटकीपर), संजू सैमसन (विकेटकीपर), हार्दिक पांड्या, क्रुणाल पांड्या, कृष्णप्पा गौतम, युजवेंद्र चहल, कुलदीप यादव, वरुण चक्रवर्ती, राहुल चाहर, दीपक चाहर, भुवनेश्वर कुमार, चेतन सकारिया, नवदीप सैनी।
श्रीलंका: दासुन शनाका (कप्तान), धनंजय डिसिल्वा (उपकप्तान), अविष्का फर्नांडो, भानुका राजपक्षे, पथुम निसंका, चरित असलंका, वनिन्दु हसरंगा, आशेन बंडारा, मिनोड भानुका, लाहिरु उदारा, रमेश मेंडिस, चमिका करुणारत्ने, दुष्मंथा चमीरा, लक्षण संदाकन, अकिला धनंजय, शिरन फर्नांडो, धनंजय लक्षण, ईशान जयरत्ने, प्रवीण जयविक्रेमा, असिथा फर्नांडो, कासुन रजिता, लाहिरु कुमारा, इसुरु उदाना।