ऐसा ऑस्ट्रेलिया की दूसरी पारी के 19वें ओवर में हुआ जब 37 वर्षीय सलामी बल्लेबाज ने बल्ला टूटने के बाद उसे बदलने का इशारा किया। 12वें खिलाड़ी मैथ्यू रेनशॉ बल्ले का एक सेट लेकर मैदान में दौड़ लगाई। ख्वाजा ने सभी बल्लों को टेस्ट किया और फिर एक पर सहमत दिखे। हालांकि, उस पर एक लोगो ने लोगों का ध्यान खींचा। दरअसल, उस पर डव (कबूतर) का लोगो लगा हुआ था, जो कि मानवाधिकार के संदेश को दर्शाता है। ऐसे में ख्वाजा को उसे हटाना पड़ा। ऐसा करते हुए वह कैमरे पर रिकॉर्ड हो गए।
इससे पहले दिसंबर में पाकिस्तान के खिलाफ ऑस्ट्रेलिया की घरेलू टेस्ट सीरीज के दौरान अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) ने गाजा में मानवीय संकट के लिए जागरूकता बढ़ाने के लिए बॉक्सिंग डे टेस्ट में अपने बल्ले पर 'डव' का लोगो दिखाने के ख्वाजा के आवेदन को खारिज कर दिया था। इससे पहले आईसीसी ने सीरीज के शुरुआती मैच के दौरान काली पट्टी पहनने के लिए ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ी पर उपकरण नियमों का उल्लंघन करने का आरोप लगाया था। हालांकि ख्वाजा ने बाद में स्पष्ट किया था कि यह 'व्यक्तिगत शोक' के कारण था।
ख्वाजा ने बाद में 'डव' का लोगो लगाने के उनके अनुरोध को खारिज करने पर एक सोशल मीडिया पोस्ट के माध्यम से आईसीसी पर दोहरे मापदंड अपनाने का आरोप लगाया था। उन्होंने लिखा था, 'सभी को क्रिसमस की बधाई। कभी-कभी आपको बस हंसना पड़ता है। उन्होंने हैशटैग में 'असंगत' (इनकंसिस्टेंट) और 'दोहरे मानकों' (डबल स्टैंडर्ड्स) जैसे शब्द लिखे थे।
आईसीसी के साथ विवाद के बावजूद ख्वाजा को क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया के मुख्य कार्यकारी अधिकारी निक हॉकले और ऑस्ट्रेलियाई कप्तान पैट कमिंस का समर्थन मिला। हॉकले ने कहा था, 'डव का लोगो शांति का एक मान्यता प्राप्त प्रतीक है।' उन्होंने कहा, 'आईसीसी के अपने नियम हैं और ख्वाजा ने अपने तर्क को स्पष्ट रूप से समझाया था और हम इसका सम्मान करते हैं। हम वास्तव में इस बारे में स्पष्ट हैं कि हम ख्वाजा और हमारे सभी खिलाड़ियों का समर्थन करते हैं। वह अपनी निजी जिंदगी में उन मसलों को साझा या समर्थन कर सकते हैं जो उन्हें लगता है कि सही है।'
उस्मान ख्वाजा और स्टीव स्मिथ
- फोटो : ICC/Twitter
ख्वाजा न्यूजीलैंड के खिलाफ पहले टेस्ट के तीसरे दिन 28 रन पर आउट हो गए। ख्वाजा ग्लेन फिलिप्स की गेंद पर आगे बढ़कर खेलने के प्रयास में विकेटकीपर टॉम ब्लंडेल द्वारा स्टंप किए गए थे। कीवियों ने ऑस्ट्रेलिया को दूसरी पारी में 164 रनों पर रोक दिया गया और इस प्रकार न्यूजीलैंड को 369 रनों का विशाल लक्ष्य मिला।
पहले बल्लेबाजी करते हुए ऑस्ट्रेलिया ने 383 रन बनाए थे और न्यूजीलैंड की पहली पारी 179 रन पर समाप्त हो गई थी। जवाब में न्यूजीलैंड ने अपनी दूसरी पारी में तीन विकेट पर 111 रन बना लिए हैं। फिलहाल डेरिल मिचेल 11 रन और रचिन रवींद्र 56 रन बनाकर नाबाद हैं।
फिलिप्स ने पांच विकेट लेकर इतिहास रच दिया। 16 साल में पहली बार न्यूजीलैंड के किसी स्पिनर ने अपने देश में एक पारी में पांच विकेट लिया है। फिलिप्स ने ख्वाजा के अलावा कैमरन ग्रीन (34), ट्रेविस हेड (29), मिचेल मार्श (0) और एलेक्स कैरी (3) को पवेलियन भेजा। फिलिप्स से पहले जीतन पटेल ने साल 2008 में वेस्टइंडीज के खिलाफ नेपियर टेस्ट में 110 रन देकर पांच विकेट झटके थे।