बांग्लादेश के पूर्व कप्तान मोहम्मद अशरफुल ने कहा कि भ्रष्ट संपर्क की शिकायत करने में नाकाम रहने के कारण शाकिब अल हसन पर लगा प्रतिबंध पूरी व्यवस्था के लिए स्तब्ध करने वाला है। उन्होंने साथ ही सुझाव दिया कि इस शीर्ष ऑलराउंडर को उससे जुड़ी खबरों से बचाया जाना चाहिए जिससे उसकी वापसी में मदद हो सके।
बांग्लादेश प्रीमियर लीग में भ्रष्टाचार के मामले में सजा पाने वाले अशरफुल ने शाकिब का समर्थन करते हुए कहा कि बांग्लादेश के सबसे दिग्गज क्रिकेटरों में शामिल इस ऑलराउंडर के लिए अगले 12 महीने मुश्किल होने वाले हैं। शाकिब को दो साल के लिए प्रतिबंधित किया गया है जिसमें से एक साल की सजा निलंबित है।
पांच साल के प्रतिबंध के बाद प्रथम श्रेणी क्रिकेट में वापसी करने वाले अशरफुल ने कहा, ‘हमारे मामले अलग हैं। उसने अधिकारियों को फिक्सिंग को लेकर संपर्क किए जाने की जानकारी नहीं दी जबकि मैं मैच फिक्सिंग से पूरी तरह जुड़ा था। लेकिन यह व्यवस्था के लिए स्तब्ध करने वाला है।’
उन्होंने कहा, ‘हमें क्रिकेट खेलना पसंद है। शाकिब जिस जीत से गुजर रहा है उसे शब्दों में बयां करना मुश्किल है। मुझे लगता है कि उसको लेकर अधिक खबरें नहीं होनी चाहिए। इतनी सारी खबरों से निपटना मुश्किल था (मेरे लिए)।’ बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना ने शाकिब के प्रति सहानुभूति जताते हुए कहा कि देश का क्रिकेट बोर्ड मुश्किल समय में अपने टेस्ट और टी-20 कप्तान के साथ खड़ा है।