दीप्ति शर्मा ने चारलोट डीन को नॉन-स्ट्राइकर एंड पर रनआउट कर दिया।
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भारत और इंग्लैंड की महिला टीम के बीच वनडे सीरीज के आखिरी मुकाबले में दीप्ति शर्मा के मांकडिंग करने पर जमकर विवाद हो रहा है। बल्लेबाजों को आउट करने का यह तरीका नियमों के अनुसार मान्य है, लेकिन इस पर हमेशा से विवाद होता रहा है। दीप्ति से पहले रविचंद्रन अश्विन के भी मांकडिंग करने पर जमकर विवाद हुआ था। हालांकि, दीप्ति के मामले पर क्रिकेट के नियम बनाने वाले मेरिलबोन क्रिकेट क्लब ने भी अपना बयान जारी कर दिया है।
मेरिलबोन क्रिकेट क्लब ने बताया है कि मांकडिंग के नियम से जुड़ा बदलाव एक अक्तूबर से लागू होगा। इसके साथ ही कहा गया है कि यह बयान इसलिए जारी किया गया है कि दीप्ति शर्मा के मामले पर सब कुछ साफ हो सके और बल्लेबाज गेंदबाज के गेंद करने से पहले क्रीज न छोड़ें।
क्या है पूरा मामला?
भारत और इंग्लैंड के बीच वनडे सीरीज के आखिरी मैच में टीम इंडिया ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 169 रन बनाए थे। इसके जवाब में इंग्लैंड ने 65 रन के स्कोर पर सात विकेट गंवा दिए थे। चार्लोट डीन और एमी जोन्स ने 38 रन की साझेदारी कर इंग्लैंड की वापसी कराई। 103 रन के स्कोर पर जोन्स भी आउट हो गईं, लेकिन डीन विकेट पर जमी रहीं। उन्होंने आखिरी विकेट के लिए फ्रेया डेविस के साथ 35 रन की साझेदारी कर ली थी और इंग्लैंड को जीत के करीब ले जा रही थीं। इंग्लैंड को जीत के लिए 17 रन की जरूरत थी, लेकिन तभी चार्लोट डीन दीप्ती के गेंद करने से पहले ही आगे निकल गईं और दीप्ती ने गिल्लियां बिखेर उन्हें रन आउट कर दिया।
डीन का विकेट गिरने के साथ ही इंग्लैंड की टीम 153 के स्कोर पर सिमट गई और यह मैच 16 रन से हार गई, जबकि इस मैच में इंग्लैंड की जीत लगभग तय दिख रही थी, क्योंकि डीन और फ्रेया डेविस दोनों अच्छी लय में दिख रही थीं और दोनों ने 35 रन की साझेदारी भी कर ली थी। इस रन आउट के बाद जमकर विवाद शुरू हुआ। कई खिलाड़ियों ने इसे खेल भावना के विपरीत बताया और दीप्ति की आलोचना की। वहीं, कई खिलाड़ियों ने कहा कि दीप्ति ने कुछ गलत नहीं किया है, उन्होंने जो किया है, वह नियमों के अनुसार है।
इस बीच कुछ लोगों ने यह भी कहा कि मांकडिंग का नियम अब रन आउट का हिस्सा बन चुका है और इसे खेल भावना के खिलाफ नहीं माना जाता है। इस पर सफाई देते हुए मेरिलबोन क्रिकेट क्लब ने बताया कि मांकडिंग के नियम से जुड़े बदलाव एक अक्तूबर से लागू होंगे। इसके साथ ही क्लब ने सभी बल्लेबाजों से कहा है कि वह गेंदबाज के हाथ से गेंद निकलने से पहले क्रीज न छोड़ें।