क्रिकेट के सबसे लोकप्रिय संस्करण और भारत के सबसे ग्लैमरस खेल आईपीएल का नया चैंपियन रविवार को कोलकाता में तय किया जाएगा।
इस मुकाबले में मुंबई इंडियंस और दो बार की चैंपियन चेन्नई सुपर किंग्स की टीम आपस में भिड़ेंगी।
स्पॉट फिक्सिंग और सट्टेबाजी के जाल में फंस चुके आईपीएल सीजन-6 का फाइनल भी इसी बवंडर के बीच खेला जाएगा।
लीग मुकाबलों के बाद चेन्नई और मुंबई की टीमें टॉप दो स्थानों पर थीं। दोनों के बीच पहले क्वालिफायर में मुकाबला हुआ और एक बार फिर ये दोनों टीमें खिताबी मुकाबले में आमने सामने होंगी।
चेन्नई सुपर किंग्स की टीम दो बार की चैंपियन रहा चुकी है जबकि मुंबई इंडियंस को अभी पहले खिताब की तलाश है।
चेन्नई ने पहले क्वालिफायर में मुंबई को 48 रन से हराया था। उसके बाद मुंबई ने शुक्रवार को दूसरे क्वालिफायर में राजस्थान रॉयल्स को एक गेंद शेष रहते चार विकेट से पराजित किया और फाइनल में जगह बनाई।
कप्तान महेंद्र सिंह धोनी की अगुवाई वाली चेन्नई सुपरकिंग्स जहां पांचवा फानइल खेल रही है वहीं मुंबई इंडियंस का यह दूसरा फाइनल है।
मुंबई ने इससे पहले टूर्नामेंट के तीसरे संस्करण (2010) में खिताबी मुकाबला खेला था और दिलचस्प बात यह थी कि वह फाइनल भी चेन्नई के खिलाफ था।
आईपीएल-6 में जब स्पॉट फिक्सिंग का खुलासा हुआ तो राजस्थान रॉयल्स के तीन खिलाड़ी गिरफ्तार कर लिए गए।
स्पॉट फिक्सिंग के तार सट्टेबाजों से जुडे़ तो इसकी आंच भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) के अध्यक्ष एन. श्रीनिवासन और उनकी टीम चेन्नई तक जा पहुंची है।
श्रीनिवासन के दामाद और टीम के शीर्ष अधिकारी गुरुनाथ मयप्पन को मुंबई पुलिस ने धोखाधड़ी और जालसाजी के आरोप में गिरफ्तार किया है जबकि श्रीनिवासन का कहना है कि जब उनकी कोई गलती नहीं है तो वह इस्तीफा क्यों दें। हालांकि उन पर राजनीतिक क्षेत्रों से इस्तीफे के लिए चौतरफा दबाव बढता जा रहा है।
ऐसे नाजुक हालात में जब श्रीनिवासन की टीम आईपीएल का खिताबी मुकाबले खेलने उतरेगी तो उस पर भारी मनोवैज्ञानिक दबाव होगा।
खुद कप्तान धोनी भी दबाव में होंगे क्योंकि उनकी पत्नी साक्षी के साथ सट्टेबाजी मामले में गिरफ्तार विंदू दारा सिंह के स्टेडियम में बैठे होने की तस्वीरें सामने आई है। मुंबई पुलिस ने तो यहां तक कहा था कि साक्षी से भी पूछताछ हो सकती है।
फाइनल में उतर रही दोनों टीमों की यही कोशिश होगी कि बेहतरीन क्रिकेट से लोगों का ध्यान विवादों से खेल की तरफ खींचा जाए।
मुंबई को यदि पहली बार खिताब जीतने की उम्मीद करनी है तो उसके गेंदबाजों को फॉर्म में चल रहे इन दोनों खतरनाक बल्लेबाजों को जल्द निपटाना होगा।
चेन्नई के पास हसी और रैना के अलावा कप्तान धोनी, आलराउंडर रविंद्र जडेजा, बद्रीनाथ और ड्वेन ब्रावो के रूप में धुरंधर खिलाड़ी है।
मुंबई की गेंदबाजी दूसरे क्वालिफायर में राजस्थान के खिलाफ हरभजन सिंह को छोड़कर कुछ खास नहीं थी। मिचेल जॉनसन और लासित मलिंगा को इस निर्णायक मुकाबले में निर्णायक प्रहार करने की जरूरत है वरना मुंबई का खिताब का सपना एक बार फिर सपना बन कर रह जाएगा।