गुजरात टाइटंस की टीम भी पहली बार आईपीएल खेलती नजर आएगी। टीम की कमान ऑलराउंडर हार्दिक पांड्या के हाथों में है। गुजरात की टीम अपना पहला मैच लखनऊ सुपर जाएंट्स के खिलाफ 28 मार्च को खेलेगी। हम आपको गुजरात टीम का SWOT एनालिसिस करके बताएंगे। SWOT का मतलब है मजबूती (Strength), कमजोरी (Weakness), अवसर (Opportunity) और खतरे (Threat)। आइए जानते हैं कैसी है गुजरात टाइटंस की टीम...
मजबूती
गुजरात ने ऑक्शन से पहले हार्दिक पांड्या, राशिद खान और शुभमन गिल के रूप में तीन मैच विनर्स को रिटेन किया। मेगा ऑक्शन में टीम ने अपनी गेंदबाजी मजबूत की। टीम की गेंदबाजी बाकी टीमों की अपेक्षा में मजबूत दिख रही है। तेज गेंदबाजी की कमान मोहम्मद शमी और लोकी फर्ग्यूसन संभालेंगे। ये दोनों 140 प्लस की स्पीड से गेंदबाजी करते हैं, साथ ही डेथ ओवर स्पेशलिस्ट भी हैं।
तीसरे पेसर के रूप में अल्जारी जोसेफ, वरुण एरॉन और आर साई किशोर के बीच जंग होगी। टीम की तेज गेंदबाजी जितनी मजबूत है, उतनी ही मजबूत स्पिन डिपार्टमेंट भी है। राशिद खान के अलावा टीम के पास जयंत यादव, गुरकीरत सिंह मान और राहुल तेवतिया हैं, जो लोअर ऑर्डर में विस्फोटक बल्लेबाजी भी कर सकते हैं। हार्दिक पांड्या अगर खुद गेंदबाजी करते हैं, तो ये टीम के लिए बोनस होगा।
कमजोरी
जेसन रॉय के सीजन से नाम वापस लेने से गुजरात को शुभमन गिल का ओपनिंग पार्टनर ढूंढ़ना पड़ेगा। गुजरात ने रॉय की जगह अफगानिस्तान के रहमनुल्लाह गुरबाज को टीम में शामिल किया है, लेकिन वह एक रिजर्व ओपनर के तौर पर टीम में बने रहेंगे। ऑस्ट्रेलियाई विकेटकीपर बल्लेबाज मैथ्यू वेड गिल के साथ ओपनिंग कर सकते हैं। ऐसे में टीम का मिडिल ऑर्डर कमजोर पड़ जाएगा।
वेड के टॉप में खेलने से गुजरात के पास ऋद्धिमान साहा को तीसरे नंबर पर भेजना होगा। फिर विजय शंकर, गुरकीरत और कप्तान हार्दिक आएंगे। गुजरात की बल्लेबाजी इतनी मजबूत नहीं दिख रही है और यह किसी मजबूत लाइन अप के सामने ढह भी सकती है।
अवसर
हार्दिक पांड्या पिछले कुछ समय से टीम इंडिया से बाहर चल रहे हैं। ऐसे में आईपीएल के जरिये खुद को साबित करने का उनके पास शानदार अवसर है। अगर वह गेंदबाजी करते हैं और कुछ रन बनाते हैं तो टीम के साथ-साथ उनका पर्सनल फायदा भी होगा और वह टीम इंडिया में अपनी खोई हुई जगह वापस पा सकते हैं।
खतरा
टीम में भरोसेमंद बल्लेबाज का नहीं होना खतरे की घंटी है। ऐसे में कप्तान हार्दिक और टीम मैनेजमेंट को स्मार्ट फैसला लेना होगा। मुंबई की पिच बल्लेबाजों के अनुकूल होगी, पहले बल्लेबाजी करते हुए कम स्कोर का टारगेट देने पर हार का भी खतरा है। वहीं, विपक्षी टीमों के पास वर्ल्ड क्लास बॉलर्स हैं, तो लक्ष्य का पीछा करना भी आसान नहीं होगा।