भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच इस वक्त तीन मैचों की टेस्ट सीरीज का पहला मैच खेला जा रहा है। सेंचुरियन में खेले जा रहे मुकाबले में विराट कोहली की अगुवाई वाली टीम इंडिया फिलहाल मजबूत स्थिति में है। तीसरे दिन का खेल समाप्त होने पर उसने दूसरी पारी में 146 रनों की बढ़त हासिल कर ली है। मैच से अलग बीसीसीआई वनडे सीरीज के लिए टीम चयन को लेकर दुविधा में फंसी हुई है। यही कारण है कि भारतीय टीम के चयन के लिए होने वाली चयन समिति की बैठक को बीसीसीआई ने इस महीने के आखिर तक के लिए टाल दिया है।
कुछ दिन पहले ही होने वाली यह मीटिंग पिछले कुछ दिनों से लगातार टलती आ रही है और इसके पीछे सबसे बड़ी वजह है कप्तान रोहित शर्मा की उपलब्धता। चयनकर्ताओं के सामने रोहित शर्मा की उपलब्धता को लेकर तस्वीर साफ नहीं हो पा रही है। रोहित इन दिनों बेंगलुरु स्थित राष्ट्रीय क्रिकेट अकादमी में पुनर्वास प्रक्रिया से गुजर रहे हैं। सूत्रों के मुताबिक अभी तक एनसीए की मेडिकल टीम रोहित की चोट को लेकर किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंच सकी है। यही वजह है कि टीम इंडिया के चयन को कई दिनों से टाला जा रहा है और एक बार फिर से बीसीसीआई ने मियाद बढ़ाते हुए इसे 31 दिसंबर तक कर दिया है।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार बोर्ड के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि अब चयन समिति की बैठक पहले टेस्ट के बाद होगी। यह 30 को भी हो सकती है और 31 को भी, लेकिन इसको लेकर बीसीसीआई को अंतिम फैसला लेना है। रोहित फिट होने के लिए पूरी कोशिश कर रहे हैं, लेकिन हैमिस्ट्रिंग चोट अलग तरह की होती है। सूत्र ने यह भी कहा कि रवींद्र जडेजा और अक्षर पटेल चयन के लिए उपलब्ध नहीं हैं, जबकि रोहित के बारे में कोई भी अंतिम फैसला चयन के दिन ही लिया जाएगा। जडेजा और अक्षर की अनुपलब्धता ने अश्विन की वापसी का दरवाजा खोल दिया है।
इससे पहले चयन समिति की बैठक विजय हजारे टूर्नामेंट के बाद होनी थी, लेकिन रोहित की उपलब्धता को सुनिश्चित करने के लिए इसे आगे खिसकाया जाता रहा, जिससे रोहित को फिटनेस टेस्ट पास करने का पूरा समय मिल सके। रोहित के फिट न रहने पर केएल राहुल को टीम की कमान सौंपी जा सकती है।
सूत्र ने बताया कि ऐसा भी हो सकता है कि इस महीने के आखिर तक रोहित पूरी तरह फिट न हो पाएं, लेकिन इसके बाद भी रोहित को फिट होने के लिए पूरा समय मिलेगा क्योंकि वनडे सीरीज तीन हफ्ते बाद खेली जाएगी। ऐसे में रोहित टीम के साथ रहकर फिटनेस पर काम कर सकते हैं। इस सूरत में उन्हें फिटनेस की शर्त के साथ टीम में चुना जा सकता है। हालांकि इसे लेकर कोई भी आखिरी फैसला चयन समिति ही लेगी।