भारत के सामने 194 रन का लक्ष्य था लेकिन पूरी टीम 162 रन पर सिमट गई। विराट कोहली ने 51 रन बनाये लेकिन उन्हें दूसरे छोर से सहयोग नहीं मिला।
अश्विन ने कहा, 'यह बल्लेबाजी के लिए मुश्किल पिच थी। अगर पहली पारी में जो रूट और जॉनी बेयरस्टो की भागीदारी छोड़ दी जाए और फिर हमारी तरफ से विराट कोहली की पारियों को तो मुझे नहीं लगता कि दोनों टीमों के बल्लेबाज अधिक स्वतंत्रता के साथ रन बनाने में सक्षम रहे। इसमें संघर्ष करना पड़ रहा था और इसलिए मुझे लगता है कि हमें बल्लेबाजों को पूरी तरह से हार का जिम्मेदार नहीं माना जा सकता है।'
उन्होंने कहा, 'इस मैच में हम जीतना चाहते थे और इसमें संदेह नहीं। लेकिन कई ऐसी चीजें रही जिन पर हम गर्व महसूस कर सकते हैं। यह टेस्ट श्रृंखला लंबी है इसलिए श्रृंखला के शुरू में आहत या दुखी महसूस करना अनुचित होगा।'