मैकुलम से जब पूछा गया कि क्या वह स्टोक्स के फैसले से खुश हैं तो उन्होंने कहा- हां मैं उनके फैसले से खुश हूं। मैकुलम से यह भी पूछा गया कि क्या स्टोक्स का कदम दुनिया के अन्य खिलाड़ियों के लिए भी चलन बन जाएगा। इस पर न्यूजीलैंड के पूर्व कप्तान ने कहा- सभी प्रारूपों में खेलने वाले खिलाड़ियों की संख्या कम है। स्टोक्स ऐसा फैसले कर सकते थे, लेकिन यह व्यस्त कार्यक्रम को देखते हुए समय की मांग भी थी और उन्होंने टेस्ट कप्तान की अपनी भूमिका को प्राथमिकता में रखा। मैं नहीं जानता कि यह पूरे विश्व भर में चलन बन जाएगा लेकिन ईमानदारी से कहूं तो मैं इसे पूरी तरह से सकारात्मक रूप से देखता हूं। मैं अब स्टोक्स के साथ अधिक समय बिताने को लेकर उत्साहित हूं।
स्टोक्स का फैसला कई के लिए चौंकाने वाला रहा क्योंकि वह अभी केवल 31 साल के हैं, लेकिन मैकुलम इसके दूसरे पहलू पर गौर करते हैं। उन्होंने कहा- निश्चित तौर पर हम स्टोक्स को तीनों प्रारूपों में खेलता हुआ देखना चाहते हैं। वह सुपरस्टार हैं और हमने देखा है कि उन्होंने क्या हासिल किया है, लेकिन कभी चीजों के दूसरे पहलू पर भी गौर करना पड़ता है और मैं इसे सकारात्मक रूप से देखता हूं। अब वह टेस्ट टीम को अधिक समय दे पाएंगे।