अहमदाबाद पुलिस ने भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा से पहले क्रिकेट के जरिए सामाजिक सौहार्द स्थापित करने की तैयारी कर ली है। एक जुलाई को रथयात्रा से पहले हिंदू और मुस्लिम समुदाय के खिलाड़ी साथ में टीम बनाकर संवेदनशील जगहों पर क्रिकेट मैच खेलेंगे ताकि दोनों समुदायों के बीच सामाजिक सौहार्द स्थापित हो। अहमदाबाद पुलिस के अनुसार रथयात्रा के रास्ते में पड़ने वाले संवेदनशील इलाकों के लोगों को मिलाकर टीमें तैयार की जाएंगी।
भागवान जगन्नाथ की 145वीं रथयात्रा एक जुलाई को पुराने शहर से निकलेगी। पुलिस के संयुक्त कमिश्नर आरवी असारी ने बताया कि वो पुराने शहर के हिंदू और मुस्लिम खिलाड़ियों को मिलाकर टीम बना रहे हैं, जो आपस में टेनिस गेंद से क्रिकेट मैच खेलेंगी। इसके जरिए लोगों के अंदर सामाजिक सौहार्द, सहयोग की भावना, टीम भावना और शांति स्थापित करने का प्रयास है।
पुलिस के संयुक्त कमिश्नर आरवी असारी ने कहा "खेल लोगों को जोड़ने के लिए बना है।" उन्होंने यह भी बताया कि खेल मैदान तैयार हो रहे हैं और मैच 18 जून से शुरू हो सकते हैं। इससे पहले यहां रथ यात्रा के दौरान कई बार सांप्रदायिक दंगे भड़क चुके हैं। इसके बाद पुलिस इस साल कोई कोताही नहीं बरतना चाहती है, क्योंकि हाल ही में पैंगबर मोहम्मद के खिलाफ कथित टिप्पणी को लेकर देश में माहौल तनावपूर्ण बना हुआ है।
इसी साल राम नवमी में गुजरात के कुछ शहरों में और देश के अन्य राज्यों में दंगे भड़के थे। इसके साथ ही अहमदाबाद पुलिस रथयात्रा के रास्ते में पड़ने वाले इलाकों में रक्तदान शिविर भी आयोजित करा रही है और दोनों समुदाय के लोगों को रक्तदान करने के लिए प्रेरित कर रही है।
नौ किलोमीटर लंबी रथ यात्रा गायकवाड़ हवेली, खादिया, कालूपुर, शहर कोटदा, करंज, शाहपुर, मधुपुरा और दरियापुर जैसे इलाकों से गुजरेगी। पिछले दो सालों से कोरोना की वजह से रथ यात्रा बड़े स्तर पर नहीं हो पाई थी और इस बार भव्य रथयात्रा निकाली जाएगी।