एशिया कप 2025 के लिए टीम इंडिया का स्क्वॉड घोषित हो चुका है। सबसे ज्यादा चर्चा जिस फैसले की हो रही है, वह है शुभमन गिल की वापसी और उन्हें सीधे टी20 टीम का उपकप्तान बनाए जाने का। इसी को लेकर भारत के दिग्गज ऑफ स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने बड़ा बयान दिया है। उनका मानना है कि इस कदम से संजू सैमसन की जगह पर सीधा असर पड़ेगा और वह एशिया कप में प्लेइंग इलेवन का हिस्सा नहीं बन पाएंगे।
भविष्य के कप्तान के रूप में गिल?
अश्विन ने साफ कहा कि गिल को उपकप्तान बनाना सिर्फ मौजूदा टूर्नामेंट के लिए नहीं, बल्कि भविष्य की कप्तानी को ध्यान में रखकर लिया गया फैसला लगता है। उन्होंने कहा, 'हो सकता है कि चयनकर्ता शुभमन गिल को भविष्य का कप्तान मान रहे हों। शायद वह सभी फॉर्मेट में कप्तानी करने वाले खिलाड़ी के रूप में देखे जा रहे हों। हालांकि यह जरूरी नहीं कि हर फॉर्मेट में एक ही कप्तान हो।'
संजू सैमसन पर असर
अश्विन ने इस फैसले का सीधा असर विकेटकीपर-बल्लेबाज संजू सैमसन पर बताया। उनके मुताबिक, 'सबसे दुखद यह है कि जैसे ही गिल को उपकप्तान बनाया गया, सैमसन की जगह खतरे में पड़ गई। इसका सीधा मतलब है कि संजू सैमसन नहीं खेलेंगे। शुभमन गिल जरूर खेलेंगे और ओपनिंग करेंगे।'
फॉर्म बनाम भविष्य की योजना
यह बयान इसलिए भी अहम है क्योंकि सैमसन हाल के महीनों में शानदार लय में रहे हैं। उन्होंने पिछले साल में टी20 अंतरराष्ट्रीय में तीन शतक जमाए हैं। इसके बावजूद चयनकर्ताओं ने गिल को उपकप्तान बनाकर संकेत दे दिया है कि उनकी प्राथमिकता लंबी अवधि की योजना है, भले ही इसके लिए किसी इन-फॉर्म खिलाड़ी को बाहर बैठना पड़े।
अश्विन की राय साफ करती है कि एशिया कप 2025 में भारत की रणनीति केवल मौजूदा फॉर्म पर आधारित नहीं है। टीम मैनेजमेंट भविष्य की कप्तानी और टीम संरचना पर भी नजर रख रहा है। हालांकि, इस बीच संजू सैमसन जैसे परफॉर्मिंग खिलाड़ी को बाहर बैठना पड़े, तो यह बहस जरूर छिड़ेगी कि चयन में फॉर्म को प्राथमिकता मिलनी चाहिए या भविष्य की तैयारी को।