अक्षर पटेल को अपनी बल्ले से सफलता खूब रास आ रही है, लेकिन यह ऑलराउंडर गेंदबाजी की अपनी प्राथमिकता को नहीं भूला है। हालांकि बल्ले सफलता के बाद उन्हें गेंदबाजी में उतने विकेट नहीं मिले हैं, लेकिन अक्षर स्पष्ट करते हैं कि वह नेट पर बल्लेबाजी के मुकाबले गेंदबाजी ज्यादा करते हैं। वह एक बल्लेबाज के मुकाबले एक गेंदबाज ज्यादा हैं। वह अपनी गेंदबाजी पर काफी मेहनत कर रहे हैं। अक्षर बताते हैं कि विराट कोहली, रोहित शर्मा और हार्दिक पंड्या से उन्हें ऐसी सलाहें मिली हैं, जिससे उनकी बल्लेबाजी निखरी है। अक्षर के मुताबिक इस साल जनवरी में श्रीलंका के खिलाफ 31*, 65, 21* रन की पारियां खेलने के बाद उनके अंदर बतौर बल्लेबाज आत्मविश्वास आया है। तब से वह लगातार रन बना रहे हैं।
सलाहों के बाद बल्लेबाजी के प्रति बदली सोच
दिल्ली कैपिटल्स और मुंबई इंडियंस के बीच हुए मैच के बाद अक्षर ने कहा कि जब आप क्रिकेट के तीनों प्रारूपों में देश के लिए खेलते हुए तो आपके अंदर अलग आत्मविश्वास आता है। उनकी बल्लेबाजी भी इसी आत्मविश्वास का नतीजा है। पहले वह सोचते थे कि एक ऑलराउंडर के तौर पर 20-30 रन बनाने के बाद बड़े शॉट लगाओ, लेकिन उन्होंने अपनी सोच अब बदली है। वह पारी को फिनिश करने की सोच से बल्लेबाजी करते हैं। उन्होंने इस सोच और मानसिकता को अपनाया है, जिसका उन्हें बल्लेबाजी में फायदा मिल रहा है।
स्ट्राइक रेट के बारे में वॉर्नर को सभी ने बोला है
दिल्ली कैपिटल्स के उपकप्तान अक्षर का मानना है कि टीम के कप्तान डेविड वॉर्नर टीम के लिए उदाहरण बनकर प्रदर्शन करना चाहते हैं, लेकिन परिस्थितियां उनके हक में नहीं है। वॉर्नर ने इस आईपीएल में तीन अर्धशतक की मदद से 209 रन बनाए, लेकिन उनका स्ट्राइक रेट वैसा नहीं रहा है। अक्षर खुलासा करते हैं कि वॉर्नर को उनके स्ट्राइक रेट के बारे में बोला गया है। कोच रिकी पोंटिंग, सौरव गांगुली, शेन वाटसन सभी ने उनसे इस बारे में बात की है। वह कोशिश भी कर रहे हैं, लेकिन ऐसा हो नहीं पा रहा है। अक्षर कहते हैं कि मुझे नहीं मालूम है कि वह बतौर बल्लेबाज क्या सोच रहे हैं।