सोमवार को रितु नेगी ने पांच टैकल प्वाइंट लेकर इंडोनेशिया की टीम का हौसला तोड़ दिया। रितु के पिता भवान सिंह ने बताया कि वे बेटी की कामयाबी को लेकर आश्वस्त हैं। बेटियां देश के लिए गोल्ड मेडल लेकर आएं, इसके लिए हर रोज कुल देवता से प्रार्थना कर रहे हैं।
इसके लिए मन्नत भी मांगी है। वहीं, प्रियंका नेगी के पिता कंवर सिंह नेगी ने बताया कि बेटी की कामयाबी के लिए उन्होंने पत्नी सुनीता सहित इन दिनों व्रत रखा है। वे एक पहर ही भोजन कर रहे हैं। 31 अगस्त को गुग्गा पीर की आस्था में जागरण करवाया जा रहा है।
रितु नेगी भारतीय टीम की डिफेंडर हैं, लेकिन हिमाचल सरकार ने अभी तक उनके लिए खास नहीं किया। वे भारतीय रेलवे में सेवाएं दे रही हैं। हिमाचल सरकार ने रितु को नौकरी नहीं दी है। पिता भवान सिंह पेशे से जेबीटी हैं।
उन्होंने कहा कि बेटी ने 14 मेडल जीते हैं। 2011 में वे भारतीय कबड्डी टीम की कप्तान भी रही हैं। यदि अपने प्रदेश में नौकरी मिले तो वे हिमाचल की टीम से खेलते हुई राज्य का नाम रोशन कर सकती हैं।