बसपा के संस्थापक स्व. कांशीराम की बहन स्वर्ण कौर ने कांशीराम को भारत रत्न देने की मांग को लेकर राज्यपाल कप्तान सिंह सोलंकी को ज्ञापन सौंपा। बाबू कांशीराम चेरिटेबल फाउंडेशन की ओर से दिए गए ज्ञापन में कहा गया था कि कांशीराम द्वारा समाज के दबे-कुचले वर्ग के लोगों के लिए कार्यों को देखते हुए उन्हें भारत रत्न दिया जाए।
डॉ. बीआर अंबेदकर की विचारधारा की झलक कांशीराम के कर्म क्षेत्र में साफ दिखाई देती है। वह एक महान राजनीतिक व लेखक थे। उनकी मेहनत के चलते ही बसपा ने उत्तर प्रदेश में कई बार सत्ता प्राप्त की। उन्होंने दबे-कुचले दलित लोगों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक किया। इस मौके फाउंडेशन के कई पदाधिकारी भी मौजूद थे।