सेना के हथियार अक्सर लोगों को आकर्षित करते है और जब उन्हें छूने या उठाकर देखने का मौका मिला तो लोगों की खुशी का ठिकाना नहीं रहता। ऐसा ही कुछ महू में आयोजित प्रदर्शनी में हुआ। विद्यार्थियों ने हथियारों के साथ फोटो भी खिंचवाई।
गणतंत्र दिवस के पांच दिन पहले आर्मी ने महू के गैसरिन मैदान में प्रदर्शनी लगाई। जिसमें मशीनगन, युद्ध में उपयोग लाई जाने वाली तोप और युद्ध के दौरान काम आने वाले यंत्रों को रखा गया था। प्रदर्शन में आए बच्चों ने हथियारों को उठाकर देखा और चलाने की एक्शन भी करते नजर आए। विद्यार्थियों ने प्रदर्शनी की जानकारी देने के लिए तैनात सैन्यकर्मियों से पूछा कि हथियारों को कैसे चलाते है और कब उनका उपयोग करने दिया जाता है।
सैन्य अधिकारियों ने बताया कि युद्ध के लिए होने वाले अभ्यास में इन हथियारों का उपयोग होता है और समय-समय पर हथियारों का रखरखाव भी होता हैै। युद्ध के समय उन्हें दुश्मनों से देश को बचाने के लिए इस्तेमाल किया जाता है।काफी दूरी तक हथियारों की मदद से दुश्मनों को रोका जाता है।
प्रदर्शनी में प्रतिदिन हजारों लोग हथियारों को देखने आ रहे है। आर्मी हर वर्ष इस तरह हथियारों की प्रदर्शनी का आयोजन करती है। प्रदर्शनी के दौरान छोटी तोपों के अलावा मशीनगन, पिस्टल, बंदूकों को अवलोकन के लिए रखा गया था। प्रदर्शनी में अलग-अलग आकार की मशीन गन है और ज्यादातर लोग उसके बारे में जानकारी लेते रहे और फोटो खिंचवाते देखे जा सकते है।