मंदिरों के शहर का माहौल खराब करने की एक और साजिश को समय रहते नाकाम कर दिया गया। नानक नगर सेक्टर एक स्थित शिव मंदिर में एक व्यक्ति ने अचानक मंदिर में तोड़फोड़ शुरू कर दी और शिवलिंग का भी अपमान किया।
शोर-शराबा सुनकर आसपास के युवकों ने मौके पर पहुंच कर उसे दबोच लिया। खबर फैलते ही बड़ी तादाद में इलाके के लोगों और दुकानदारों ने जमा होकर प्रदर्शन शुरू कर दिया। गांधीनगर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर आरोपी गुरबचन को गिरफ्तार कर लिया। उस पर पीएसए भी लगा दिया गया।
आपशंभु मंदिर की घटना से सबक ले चुकी पुलिस और प्रशासन ने इस बार तुरंत हरकत में आते हुए हालात समय रहते काबू में कर लिए। अमरनाथ यात्रा शुरू होने से कुछ ही दिन पहले शहर के दो प्रमुख शिवमंदिरों में हुईं इन घटनाओं ने प्रशासन के होश उड़ा दिए हैं।
आरोपी तोड़फोड़ करने के दौरान फोन पर किसी को दे रहा था पूरी जानकारी
- फोटो : Amar Ujala
पुलिस के अनुसार आरोपी गुरबचन सिंह नानक नगर का ही रहने वाला है। वह पुलिस का निष्कासित कर्मी बताया जा रहा है। उसके खिलाफ धारा 295 के तहत केस दर्ज कर पब्लिक सेफ्टी एक्ट(पीएसए) लगा दिया गया है।
मंदिर में मौके पर उपस्थित महिलाओं के अनुसार शाम करीब साढ़े चार बजे वे सत्संग में थी। तभी आरोपी ने आकर शिवलिंग का अपमान शुरू कर दिया। वह किसी को फोन पर बात कर घटना की जानकारी भी दे रहा था। यह देखकर महिलाएं डर गई।
खबर फैलते ही शिव सेना, बजरंग दल कार्यकर्ता और स्थानीय दुकानदार दुकानें बंद कर मंदिर पहुंच गए। पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए प्रदर्शनकारी आरोपी पर पीएसए लगाने की मांग कर रहे थे।
अमरनाथ यात्रा से पहले शिवमंदिरों में हो रही घटनाओं से प्रशासन की नींद उड़ी
- फोटो : Amar Ujala
आननफानन में लगा पीएसए : आरोपी के पकड़े जाने के बाद स्थानीय लोगों ने मांग की कि आरोपी पर पीएसए लगाया जाए। लोगों ने कहा कि पीएसए की प्रति देखकर ही वह यकीन करेंगे। मौके पर पहुंचे जिला उपायुक्त सिमरनदीप सिंह और एसएसपी सुनील गुप्ता ने आश्वासन दिया कि आठ बजे से पहले पीएसए लगा दिया जाएगा।
करीब 7:45 बजे एसपी शहजाद सलारिया और एडीसी अरुण कुमार पीएसए की प्रति लेकर मंदिर पहुंचे। इसके बाद लोगों का गुस्सा शांत हुआ। प्रशासन ने यह भी निर्णय लिया है कि किसी भी धार्मिक स्थल पर इस तरह की वारदात करने वाले पर तत्काल प्रभाव से पीएसए लगाया जाएगा।
इस बार नहीं की लेटलतीफी : आपशंभु मंदिर कांड में किरकिरी कराने वाले पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने इस बार रिस्क नहीं लिया। घटना होने के आधा घंटे के बाद ही एसएपी साउथ शहजाद सलारिया और एडीसी अरुण कुमार पहुंच गए। छह बजे तक डीसी और एसएसपी भी पहुंच गए।
फोन की काल डिटेल की होगी जांच
मंदिर में उपस्थित लोगों के अनुसार आरोपी जब मंदिर में घुसा तो वह फोन पर किसी से बात कर रहा था। इसमें बार बार यह पूछ रहा था कि उसे कितने पैसे मिलेंगे तो वह बवाल करे। एसएसपी सुनील गुप्ता का कहना है कि पुलिस आरोपी के फोन की काल डिटेल की जांच करेगी। यह देखा जाएगा कि किससे उसकी बात हो रही थी।