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रमन सरकार ने ढूंढ़ निकाली 532 साल की महिला!

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सुनकर शायद यकीन न हो लेकिन रमन सरकार ने अपने राज्य में 532 साल की महिला ढूंढ़ निकाली है। और सिर्फ 500 ही नहीं ऐसी महिलाओं की लंबी लिस्ट है जिनकी उम्र 100 साल से ज्यादा है।
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और तो और छत्तीसगढ़ में ऐसी बहुत सी महिलाएं हैं जो 100, 200 और 500 की उम्र में साइकल और सिलाई मशीन चला रही हैं। ये सुनने में अजीब लग सकता है लेकिन छत्तीसगढ़ में आरटीआई के जरिए मिली जानकारी से यह सब पता चला है।

दरअसल राज्य में चलने वाली मुख्यमंत्री सिलाई मशीन और साइकल सहायता योजना में कई ऐसे तथ्य सामने आए हैं जो चौंकाने वाले हैं।

चुनावों में हुई थी घोषणा

इस योजना के तहत जिन महिलाओं को सिलाई मशीन और साइकल दी जा रही है उनकी उम्र 500 और 200 साल भी है। और हकीकत यह है कि इन उम्र की महिलाओं की जानकारी के नाम पर कोई पता मौजूद नहीं है।

अब यह कोई गलती है या बड़ा घोटाला यह तो खोजबीन से सामने आएगा। लेकिन फिलहाल इस योजना के बारे में कई तरह के सवाल उठ रहे हैं। और इस तरह के सवाल सामने आ रहे हैं कि पूरे राज्य में चलने वाली लगभग 40 करोड़ रुपए की इस योजना का लाभ आखिर किसको मिल रहा है?

इस योजना का उद्घाटन पिछले साल हुए विधानसभा चुनावों के समय किया गया था और ऐसे दावे किए गए थे कि इस योजना से राज्य में 1.15 लाख महिलाओं को फायदा पहुंचेगा।

महिलाओं की उम्र का सच

साइकल और सिलाई मशीन की योजनाओं के लिए यह तय किया गया था कि साइकल के लिए 18 से 35 साल और सिलाई मशीन के लिए 35 से 60 साल की महिलाओं को लक्ष्य बनाया जाएगा।

लेकिन आरटीआई से मिली जानकारी में यह सामने आया कि योजना में इस तरह की बातों का बिलकुल ध्यान नहीं रखा गया है।

आरटीआई की जानकारी के अनुसार रायपुर में आयोजित मुख्यमंत्री सिलाई सहायता योजना के तहत 19399 सिलाई मशीनें बाटीं गई थीं। और इस लिस्ट में 6189 महिलाएं ऐसी हैं जिनकी उम्र 114 साल है। इसमें 6 महिलाएं तो ऐसी हैं जिनकी उम्र 202 साल हैं। तीन महिलाएं ऐसी हैं जिनकी उम्र 212 साल लिखी हुई है। दो महिलाएं ऐसी भी दिखाई गई हैं जिनकी उम्र 228 साल है। कम से कम 14 महिलाएं ऐसी हैं जो 300 साल की हैं। इस लिस्ट में 7 महिलाएं हैं जो 400 की उम्र की हैं। और एक ऐसी महिला की जानकारी भी मौजूद है जिसकी उम्र 532 साल बताई जा रही है।
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जांच के आदेश

टीओआई के मुतबिक जब डिप्टी लेबर कमिश्नर सविता मिश्रा से जब इस मामले में बात की गई तो उन्होंने इस जानकारी पर हैरत जताई।

उन्होंने कहा कि सो सकता है कि सॉफ्टवेयर में किसी तरह के वायरस के कारण ऐसी गड़बड़ियां हुई हों। उनका कहना था कि अगर और किसी तरह की लापरवाही या फर्जीवाड़े का मामाला है तो इस मामले में दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। और मामले की पूरी जांच की जाएगी।
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