उधार न चुकाने पर की हत्या
सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, आरोपी गांव के ही 20 वर्षीय कमलनारायण पाल है। बताया गया कि इन दोनों में दोस्ती थी। एक साथ आना जाना और रहना होता था। इसी दरमियान टोमन ने कमल नारायण से 3000 उधार लिए थे। बार-बार मांगने पर भी मृतक रुपया वापस नहीं लौटा रहा था। इससे कमलनारायण पाल क्रोधित हो गया और पिछले 1 सप्ताह से मारने का प्लान बनाने लगा। आखिरकार मंगलवार की रात मौका मिला। रात करीब दस से ग्यारह बजे के बीच वह मंदिर की चौड़ी पर तालाब पार में सोया हुआ था। मौके की नजाकत को देखते हुए आरोपी ने पत्थर उठाया और उनके चेहरे पर पटक दिया। पत्थर से कुचले जाने पर खून से लथपथ टोमन का चेहरे बुरी तरह से डैमेज हो गया है। मामले को लेकर अभी भी जांच चल रही है। टीआई भारद्वाज ने कल खुलासा करने की बात कही है।
सुबह जैसे ही लोगों को पता चला और भीड़ बढ़ती गई। इस दरमियान उनके दाहिने हाथ पर तकरीबन 10 किलो वजनी पत्थर से हाथ दबा था। एक बड़ा सा पत्थर खून से सना तालाब किनारे नीचे खेत में गिर गया था। घटना की जानकारी सुबह ग्राम कोटवार देवलाल आंडे ने राजिम थाना को दे दी। खबर पाते ही सिपाही पहुंच गए। पंचनामा किया। पंचनामे के दौरान मृतक के बड़े भाई लालजी पटेल ने पुलिस वालों से कहा कि आरोपी को जल्द से जल्द पकड़े। ग्राम कोटवार और सरपंच ने दिमाग लगाया तो उनके दोस्त कमलनारायण पाल पिता अवधपाल उन्हें कहीं नहीं दिखे। जबकि इस घटना को देखने के लिए बड़ी संख्या में ग्रामीण पहुंचे। इन दोनों ने शक किया और सिपाही के पास बात रखें तो उन्हें तुरंत थाना बुलाया गया। पहुंचते ही कमलनारायण ने हत्या की बात कबूल कर ली।
गांव में फैली सनसनी
चौबे बांधा राजिम शहर से लगा हुआ है। आबादी भी बहुत कम है। ऐसे में छोटे से गांव में इस तरह के घटना ने पूरे गांव को झकझोर कर रख दिया है। लोग ढूंढ रहे हैं कि कहां पर इन बच्चों के संस्कार में कमी रह गई है। इस तरह की घटना से गांव में डर का माहौल बन गया है। दिन भर घटना की चर्चा होती रही।