नक्सलवाद पर काबू पाकर मूलभूत सुविधाएं मुहैया कराईं
गृह मंत्री शाह ने कहा, नक्सली हिंसा ने गरीब आदिवासियों तक खाना-पानी, बिजली, शिक्षा, घर, शौचालय जैसे मूलभूत सुविधाओं को नहीं पहुंचने दिया। उद्योग को तो भूल ही जाइए। लेकिन खुशी की बात है कि आज जिस क्षेत्र से नक्सलवाद खत्म होता है, वहां हमारी सरकार अनाज, स्वास्थ्य सुविधा, शिक्षा, बिजली, घर, शौचालय और पीने का शुद्ध पानी पहुंचाकर लोगों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ रही है।
बच्चा पेंसिल पकड़ता है तो पूरे देश का भविष्य संवरता है
शाह ने कहा कि जब बच्चा हाथ में बंदूक की जगह पेंसिल पकड़कर क, ख, ग लिखता है, तो न सिर्फ एक क्षेत्र का बल्कि पूरे देश का भविष्य संवरता है। यह क्षण जल्द ही आने वाला है। जब नक्सवाद के खात्मे का इतिहास लिखा जाएगा, उसमे सुरक्षा बलों के जवानों के त्याग, बलिदान और परिश्रम स्वर्णिम अक्षरों से अंकित होगा। शाह ने यहां लियोर ओयना पुस्तक का लोकार्पण भी किया, जो नक्सलियों द्वारा आदिवासियों के भीषण संहार और बस्तर को बचाने के प्रयासों पर केंद्रित है।
लियोर ओयना का विमोचन...
केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने छत्तीसगढ़ के नवा रायपुर में लियोर ओयना नक्सलियों की ओर से आदिवासियों के भीषण संहार और बस्तर को बचाने के प्रयासों पर लिखित एक पुस्तक का लोकार्पण भी किया। नक्सलियों ने जिन मासूम, निहत्थे लोगों को अपनी हिंसा का शिकार बनाया है, उनकी पीड़ा समझने में यह पुस्तक सहायक होने वाली है।
यह पुस्तक ह्यूमन राईट के नाम पर नक्सलियों से संवेदना दिखाने वालों के आँखों के आगे से पर्दा हटाने और उन्हें एक्सपोज करने में भी उपयोगी सिद्ध होगी। जवानों के साथ बैठक में छत्तीसगढ़ के मुख्य मंत्री विष्णु देव साय, उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा, केन्द्रीय गृह सचिव, डीजी बीएसएफ मौजूद थे।