छत्तीसगढ़ में दक्षिण-पश्चिम मानसून के आगमन की उलटी गिनती शुरू हो चुकी है। वर्तमान परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं और अगले दो से तीन दिनों के भीतर मानसून राज्य की सीमा में प्रवेश कर सकता है। मानसून के पहुंचने से पहले ही प्रदेश के मौसम में बदलाव साफ नजर आने लगा है।
मौसम विभाग ने आगामी पांच दिनों के दौरान राज्य के अधिकांश क्षेत्रों में वर्षा की गतिविधियों में बढ़ोतरी की संभावना जताई है। कई स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश, आकाशीय बिजली गिरने और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की आशंका व्यक्त की गई है।
राज्य के कई हिस्सों में तापमान में गिरावट दर्ज की गई है, जिससे लोगों को भीषण गर्मी से कुछ राहत मिली है। पिछले दो दिनों के दौरान अधिकांश जिलों में तापमान 3 से 4 डिग्री सेल्सियस तक कम हुआ है। बस्तर संभाग में लगातार हो रही हल्की वर्षा को मानसून पूर्व गतिविधियों का संकेत माना जा रहा है।
दक्षिण बस्तर के जिलों के लिए यलो अलर्ट
विभाग ने सुकमा, बीजापुर और दंतेवाड़ा जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया है। इन क्षेत्रों में बादल गरजने, बिजली चमकने और हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। स्थानीय प्रशासन को भी मौसम संबंधी संभावित परिस्थितियों को लेकर सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार शुक्रवार को रायपुर का अधिकतम तापमान 37.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान 22 डिग्री सेल्सियस रहा। दूसरी ओर, राजनांदगांव 42 डिग्री सेल्सियस तापमान के साथ प्रदेश का सबसे गर्म जिला रहा। राजधानी में दिनभर बादलों की आवाजाही बनी रही, हालांकि देर रात तक उल्लेखनीय वर्षा नहीं हुई।
रायपुर में आज का मौसम
राजधानी रायपुर में शनिवार को मौसम का मिजाज बदला हुआ रहने का अनुमान है। दिनभर बादल छाए रहने के साथ कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ हल्की बारिश हो सकती है। मौसम विभाग ने अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना जताई है।