प्रियंका गांधी के बस्तर दौरे को लेकर बीजेपी और कांग्रेस में जुबानी हमले हो रहे हैं। दोनों एक दूसरे पर निशाना साध रहे हैं। मामले में जमकर राजनीति हो रही है। आरोप-प्रत्यारोप से प्रदेश की सियासत गरमाई हुई है। छत्तीसगढ़ बीजेपी के प्रदेश महामंत्री केदार कश्यप ने कहा कि कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने बस्तर के बहुप्रचारित भरोसे के सम्मेलन में अपने पूरे संबोधन में विरोधाभासी की बातें कहकर बस्तर के भरोसे को तोड़ने का काम किया है। उन्होंने बस्तर की झूठी तस्वीर देखी, जो 'झूठों के सरताज' ने दिखाई। अच्छा होता, प्रियंका वाड्रा सरकारी आईने के बजाय खुद से बस्तर की तस्वीर को देखा होता।
उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा पहले राहुल गांधी बस्तर आके झूठ बोल गए, अब प्रियंका झूठ बोलकर चली गईं, जिस आदिवासी संस्कृति को प्रियंका वाड्रा ने सर्वश्रेष्ठ बताया, उस संस्कृति को ही नष्ट करने पर प्रदेश की कांग्रेस सरकार अमादा है। पूरा बस्तर आज अवैध धर्मांतरण की आग में झुलस रहा है। जबरन अवैध धर्मांतरण के घातक एजेंडे को प्रदेश सरकार अपने 'खानदानी आकाओं' के इशारे पर बेखौफ राजनीतिक संरक्षण दे रही है।
धर्मांतरण कराने वालों के साथ कांग्रेस सरकार
उन्होंने कहा कि अवैध धर्मांतरण कराने में लगे लोगों के साथ तस्वीरें खिंचवाते हुए प्रदेश के मुख्यमंत्री उन्हें यह कहकर आश्वस्त करते हैं कि प्रदेश सरकार उनके (धर्मांतरण कराने वालों के) साथ है। बस्तर में मूल आदिवासियों और पुलिस पर धर्मांतरण करा रहे और धर्मांतरित लोग हिंसक हमला कर रहे हैं, धर्मांतरण का विरोध करने पर टारगेट किलिंग हो रही है। मूल आदिवासियों को बिना अपराध जेलों में ठूंसा जा रहा है। प्रदेश में एक पूरा पहाड़ी कोरवा आदिवासी परिवार तंगहाली और भुखमरी के चलते आत्महत्या करने के लिए विवश हो गया, लेकिन प्रदेश सरकार संवेदनहीनता से बाज नहीं आई।
प्रियंका गांधी के बस्तर दौरे से घबराई भाजपा: कांग्रेस
वहीं छत्तीसगढ़ कांग्रेस ने बीजेपी के आरोपों का पलटवार करते हुए उस पर जमकर निशाना साधा है। कांग्रेस ने कहा कि
बीजेपी प्रियंका गांधी के बस्तर दौरे से घबरा गई। उनके दौरे से ही डर गई। प्रियंका गांधी के बस्तर को लेकर भाजपा नेताओं के बयान यह बताने के लिये पर्याप्त है कि उनके दौरे से भाजपा नेता डर गए हैं। प्रियंका गांधी के दौरे से बिरनपुर की घटना से जोड़ना भाजपा की स्तरहीन राजनीति है। मुद्दाविहीन भाजपा लाशों पर राजनीति करना चाहती है। बिरनपुर के मामले में भाजपा सांप्रदायिकता का गंदा खेल खेलना चाहती है जिसे जनता ने नकार दिया।
'प्रियंका गांधी की लोकप्रियता से बीजेपी बेचैन'
प्रदेश कांग्रेस के संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि प्रियंका गांधी की लोकप्रियता और उनकी जनस्वीकार्यता से भाजपा नेता बेचैन हैं। प्रियंका गांधी के कार्यक्रम में जनसैलाब उमड़ा। इसके पहले भाजपा के वरिष्ठ नेता अमित शाह भी बस्तर का दौरा करके गये थे, लेकिन जनता ने शाह के दौरे को नकार दिया था। इस कारण भी भाजपा के नेताओं को प्रियंका गांधी के दौरे से डर लग रहा है और अनर्गल बयानबाजी कर रहे है।
'भाजपा मुद्दों के दिवालियेपन से जूझ रही'
सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि राज्य में भाजपा मुद्दों के दिवालियेपन से जूझ रही है, उसके पास जनहित के उठाने के लिये मुद्दे नहीं बचे है। ऐसे में बस्तर जैसे क्षेत्र में भरोसे का सम्मेलन में प्रियंका गांधी का आना, उनकी सभा में लोगों का हुजूम उमड़ना इस बात का प्रमाण है कि आने वाले चुनाव में भी बस्तर में भाजपा का फिर खाता नहीं खुलने वाला और पूरे छत्तीसगढ़ में भाजपा 2023 के चुनाव में दहाई के अंक तक भी नहीं पहुंच पायेगी।
'सरकार को लेकर लोगों में भरोसा पैदा हुआ'
प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष ने कहा कि प्रियंका गांधी ने कांग्रेस की छत्तीसगढ़ सरकार की योजनाओं की मुक्तकंठ से प्रशंसा करते हुये कहा कि राज्य की कांग्रेस सरकार की ओर से चलाई जा रही योजनाओं से प्रदेश के आम आदमी के जीवन स्तर में आमूलचूल परिवर्तन हुआ है। छत्तीसगढ़ में पिछले चार साल में महिलायें सशक्त हुई है और राज्य के वंचित वर्ग के लोगों में भरोसा पैदा हुआ है।