फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

गणतंत्र दिवस परेड में थर्ड जेंडर: बस्तर फाइटर्स बनकर पहली बार हुए शामिल, कहा- कभी सोचा नहीं था, यहां पहुंचेंगे

Thu, 26 Jan 2023 03:49 PM IST
मोहनीश श्रीवास्तव न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जगदलपुर

सार

दिव्या का कहना है कि अब हम भी हमारे समाज के अन्य सदस्यों को प्रेरित करने का प्रयास करेंगे। वे भी अच्छे से पढ़ाई-लिखाई करें। जिसके कारण हम से भी बड़े पद पर आसीन होकर हमारे समाज का नाम रोशन करें। जिससे कि उन्हें भी अन्य समाज गौरान्वित महसूस कर सके।
विज्ञापन
गणतंत्र दिवस परेड में शामिल बस्तर फाइटर्स थर्ड जेंडर। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

देश भर में गणतंत्र दिवस धूमधाम से मनाया जा रहा है। संविधान लागू होने की इस 74वीं वर्षगांठ पर छत्तीसगढ़ में एक नया इतिहास लिखा गया है।  थर्ड जेंडर ने मुख्यमंत्री को सलामी दी। बस्तर फाइटर्स बनकर पहली बार गणतंत्र दिवस की परेड में शामिल हुए। उन्होंने इसके लिए मुख्यमंत्री भूपेश बघेल का आभार जताते हुए कहा कि कभी सोचा नहीं था, यहां तक पहुंचेंगे। 

विज्ञापन


लालबाग परेड में हुए शामिल
जगदलपुर के लालबाग में हुए समारोह में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने ध्वजारोहण किया। इसके बाद परेड निकली और जवानों ने मार्च पास्ट करते हुए मुख्यमंत्री को सलामी दी। इस दौरान बस्तर फाइटर्स के दल में आठ थर्ड जेंडर भी शामिल थे। खुद को मिले सम्मान से बहुत खुश थे। उनके साथ ही उनके परिवार के लोग भी मौजूद थे, जो अपनी खुशी को बयान नहीं कर पा रहे थे। 

बस्तर फाइटर बनने का मिला मौका
बस्तर फाइटर में शामिल दिव्या निषाद ने बताया कि थर्ड जेंडर समाज के सदस्यों ने कभी भी नही सोचा था कि उन्हें प्रदेश के मुखिया के द्वारा इतनी बड़ी सौगात दी जाएगी। उन्हें पुलिस बल में शामिल होने का मौका मिलेगा। बस्तर फाइटर के गठन के साथ ही थर्ड जेंडर को भी शामिल करने की बात सामने आई। थर्ड जेंडर सदस्यों ने दिन-रात मेहनत शुरू की।
विज्ञापन


रायपुर के माना कैंप में हुई ट्रेनिंग
चयन के दौरान फिजिकल, साक्षात्कार, परीक्षा पार करने के बाद सूरज कुमार, हिमाशी सोरी, सीमा प्रधान, रिया मंडावी, दामिनी कोर्राम, सानू, रानी मंडावी और उसका चयन किया गया। हम सभी को ट्रेनिंग के लिए रायपुर के माना कैंप भेजा गया। इस बार गणतंत्र दिवस समारोह की परेड में शामिल होने को कहा गया। जहां 17 जनवरी से लगातार अभ्यास कर रहे थे। 

विद्या राजपूत के योगदान ने यहां तक पहुंचाया
दिव्या का कहना था कि हमे यहां तक लाने में मितवा संकल्प समिति को अध्यक्ष विद्या राजपूत का अहम योगदान रहा। वह खुद ही थर्ड जेंडर समाज से हैं। दिव्या का कहना था की पहले पुलिस बल में लड़का या फिर लड़कियों को ही शामिल किया जाता था, लेकिन इस बार मुख्यमंत्री ने थर्ड जेंडर को शामिल कर उन्हे नई जिंदगी दी है। 

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें