एएसआई गुप्तेश्वर यादव।
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दो सिपाहियों ने हवलदार बनने की खुशी में दी थी पार्टी
जानकारी के मुताबिक, भिलाई नगर थाने में पदस्थ दो सिपाहियों ने हवलदार बनने की खुशी में अपने साथियों को जयंती स्टेडियम में शराब और बकरा पार्टी दी थी। पार्टी में जमकर शराब पी गई। इसी दौरान नशे की हालत में किसी बात को लेकर हेड कांस्टेबल यशवंत ठाकुर और भिलाई नगर थाने की पेट्रोलिंग टीम में पदस्थ कांस्टेबल प्रेम सिंह के बीच विवाद हो गया। बात बढ़ी तो दोनों में धक्का-मुक्की शुरू हो गई। यह देखकर मौके पर मौजूद एएसआई गुप्तेश्वर यादव ने बीच बचाव कर दोनों को शांत कराया।
मारपीट का आरोपी विनीत ठाकुर।
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सिपाही ने माफी मांगी, पर हेड कांस्टेबल ने अपने बेटों को बुलाया
बताया जा रहा है कि एएसआई यादव के कहने पर कांस्टेबल प्रेम सिंह ने यशवंत ठाकुर से माफी भी मांग ली। आरोप है कि इसके बाद भी यशवंत ठाकुर ने कॉल कर अपने बेटे शिवम और विनीत को झगड़े की जानकारी दी। थोड़ी ही देर में उसके दोनों बेटे स्कार्पियो में आठ-10 लड़कों के साथ हॉकी स्टिक और रॉड लेकर पहुंच गए। उन्होंने एएसआई गुप्तेश्वर यादव पर हमला कर दिया। उनको हॉकी और रॉड से बुरी तरह पीटा। इस दौरान बचाव करने के लिए आए कांस्टेबल अनिल यादव की भी पिटाई की। दोनों को गंभीर चोटें आई हैं।
थाने पहुंचकर पुलिसकर्मियों ने बचाई जान
घायल एएसआई गुप्तेश्वर यादव और कांस्टेबल अनिल गुप्ता ने बताया कि आरोपी जान से मारने की नीयत से ही आए थे। पहले तो उन्होंने पत्थर एएसआई यादव के सिर पर मारने का प्रयास किया। फिर स्कार्पियो चढ़ाने लगे। किसी तरह से वहां से बचकर थाने पहुंचे और जान बचाई। गुप्तेश्वर यादव की छाती, सिर और चेहरे पर चोट आई है। वहीं अनिल गुप्ता के सिर में टांके लगे हैं। मारपीट की जानकारी सामने आने के बाद एसपी शलभ गुप्ता ने आरोपी हेड कांस्टेबल यशवंत ठाकुर को सस्पेंड कर दिया है।