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कांग्रेस का हल्लाबोल: सड़क पर उतरे कांग्रेसी, भूपेश बघेल बोले- सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी बीजेपी के गाल पर तमाचा

Tue, 22 Jul 2025 04:48 PM IST
ललित कुमार सिंह अमर उजाला ब्यूरो, रायपुर

सार

Economic blockade in CG on July 22: छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल को ईडी की ओर से गिरफ्तार करने के विरोध में छतीसगढ़ कांग्रेस 22 जुलाई को पूरे प्रदेश में आर्थिक नाकेबंदी की।
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छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल - फोटो : अमर उजाला डिजिटल
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विस्तार
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Economic blockade in CG on July 22: छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल को ईडी की ओर से गिरफ्तार करने के विरोध में छतीसगढ़ कांग्रेस 22 जुलाई को पूरे प्रदेश में आर्थिक नाकेबंदी की। राज्य के सभी नेशनल हाइवे को जाम कर केंद्र और बीजेपी की राज्य सरकार के खिलाफ विरोध जताया। केंद्र सरकार, केंद्रीय जांच एजेंसियों, ईडी और उद्योगपति अडानी के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। पूरे प्रदेश में आर्थिक नाकेबंदी करते हुए चक्काजाम किया। इस दौरान रायपुर में भूपेश बघेल ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी बीजेपी की केंद्र सरकार, राज्य सरकार और ईडी के गालों पर तमाचा है। 
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ईडी पर सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी पर छत्तीसगढ़ के पूर्व सीएम भूपेश बघेल ने निशाना साधते हुए केंद्रीय जांच एजेंसियों पर सवाल उठाये हैं। उन्होंने कहा कि जिस तरह से ईडी भाजपा की एक शाखा के रूप में काम कर रही है... इसीलिए ईडी को अपना काम करने और नेताओं को अपनी राजनीति करने देने के लिए कहा गया था। हालाँकि, जिस तरह से देशव्यापी स्थिति बनी है, ये सारी कार्रवाई विपक्ष के लोगों को निशाना बनाकर की जा रही है... उनका स्ट्राइक रेट 1% भी नहीं है... वे खुद कुछ नहीं कर पा रहे हैं और विपक्ष की छवि खराब कर रहे हैं..."

पूर्व सीएम ने कहा कि अडानी के बचाव में भूपेश बघेल और कांग्रेस पार्टी के नेताओं को बदनाम करने के लिए अहमदाबाद से लेकर दिल्ली, नोएडा, गुरुग्राम तक की पीआर एजेंसी काम पर लगा दी गई हैं। एआई वीडियो बनाकर एड चलाए जा रहे हैं। इस षड्यंत्र में कुछ “पुराने” लोगों के दर्द भी हैं जिनका धंधा 2018 में भाजपा सरकार के साथ ही बंद हो गया था। साथ ही छत्तीसगढ़ सरकार में सरकारी पैसों से काम कर रही पीआर एजेंसियों को भी अब काम में लगाया जा रहा है। जनसंपर्क के इस काम में लगे अधिकारियों और उन एजेंसियों को धन्यवाद देता हूं, जो भाजपाई एजेंसी बनकर “डिजिटल सुपारी” ले रही हैं, लगे रहिए…फिर मिलेंगे…सोशल मीडिया मेरा प्रिय विषय रहा है!
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