विधानसभा चुनाव की तारीखें जैसे-जैसे नजदीक आती जा रही हैं वैसे-वैसे सियासी पारा भी चढ़ने लगा है। राजनीतिक दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप और हमले का दौर शुरू हो गया है। छत्तीसगढ़ में सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस के बीच जोर आजमाइश जोरों पर है। चुनाव के मद्देनजर राज्य में दिग्गज नेताओं के दौरे जारी हैं। आज भाजपा अध्यक्ष अमित शाह छत्तीसगढ़ पहुंचे और कांग्रेस पर हमले किए।
शाह के निशाने पर राहुल गांधी
छत्तीसगढ़ में हुई रैली के दौरान अमित शाह ने अपने भाषण में खास तौर पर कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी को निशाने पर लिया। शाह ने कहा, आपने (राहुल गांधी) गंदी सीडी बांटकर प्रदेश की माताओं-बहनों का अपमान किया है। आज जो कांग्रेस माताओं-बहनों को लज्जित कर चुनाव के लिए निकली है, उन्हें केवल हराना नहीं है बल्कि उन्हें समाप्त करना है। यह काम यहां की मातृशक्ति को करना है।
साल के अंत तक पांच राज्यों में चुनाव
बता दें कि साल के अंत तक पांच राज्यों मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, राजस्थान, तेलंगाना और मिजोरम में विधानसभा चुनाव होने हैं। मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, राजस्थान में भाजपा की सरकार है और पार्टी को यहां इस बार कांग्रेस से कड़ी चुनौती का सामना करना पड़ रहा है।
छत्तीसगढ़ में कांग्रेस के सामने बड़ी चुनौती
छत्तीसगढ़ में सीएम रमन सिंह के सामने सत्ता बचाने की चुनौती है। कांग्रेस लगातार तीन बार से हार का मुंह देख रही है। इस बार वह किसी भी कीमत पर वापसी करना चाहती है। हालांकि हालिया सियासी उठापटक ने उसकी राह मुश्किल कर दी है। बहुजन समाज पार्टी ने अजीत जोगी की पार्टी के साथ गठबंधन कर कांग्रेस को बड़ा झटका दिया है। इस महत्वपूर्ण घटनाक्रम के बाद कांग्रेस के लिए भाजपा को सत्ता से हटाना और मुश्किल हो गया है।
मायावती का अजीत जोगी की पार्टी संग गठबंधन
21 सितंबर को बहुजन समाज पार्टी की अध्यक्ष मायावती ने जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ के साथ मिलकर चुनाव लड़ने का एलान किया था। पूर्व कांग्रेस नेता अजीत जोगी ने कुछ साल पहले पार्टी से अलग होकर अपनी पार्टी जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ का गठन किया था।
बसपा सुप्रीमो मायावती ने कहा था कि बसपा ने जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ के साथ गठबंधन का निर्णय लिया है। हम मिलकर विधानसभा चुनाव लड़ेंगे। बसपा 35 सीटों पर और जनता कांग्रेस 55 सीटों पर अपने प्रत्याशी खड़े करेगी। अगर गठबंधन जीतता है तो अजीत जोगी मुख्यमंत्री बनेंगे।