छात्र की हत्या के बाद आरोपी ने उसकी लाश को कंधे में उठाकर अंबिकापुर बिलासपुर नेशनल हाईवे के किनारे मणिपुर थाना के समीप फेंक दी थी। आरोपी युवक, आशीष के दो अन्य साथियों को भी मारने के लिए चाकू लेकर ढूंढ रहा था, लेकिन इससे पहले ही पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। सूत्रों के मुताबिक, पूछताछ के दौरान उसने पुलिस से कहा था मुझे दो घंटे का समय दे दो, दो और लोगों को निपटा कर आता हूं।
आरोपी की यह बात सुनकर पुलिस हैरान रह गई। घटना के संबंध में एएसपी पुपलेश कुमार, सीएसपी स्मृतिक राजनला ने बताया कि 28 जनवरी को उन्हें जानकारी मिली एक शव हरिहर पुरिया के धान खेत में पड़ा है। सूचना पर तत्काल मामले में मर्ग कायम कर सूचना वरिष्ठ अधिकारियों को दी गई। नगर पुलिस अधीक्षक की उपस्थिति में फोरेंसिंक और डॉग स्क्वाड ने मौके से साक्ष्य एकत्रित किए गए। प्राथमिक जांच एवं पोस्टमार्टम के पश्चात प्राप्त पोस्टमार्टम रिपोर्ट में आशीष की मौत गला घोंटे जाने से होना पाया गया। मामले में मणीपुर थाना में हत्या का अपराध दर्ज कर विवेचना में लिया गया।
पुलिस अधीक्षक सरगुजा सुनील शर्मा के निर्देशन में तत्काल मामले के आरोपी को गिरफ्तार करने के निर्देश दिए गए थे। इसी क्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पुपलेश कुमार, नगर पुलिस अधीक्षक स्मृतिक राजनाला के नेतृत्व मे पुलिस टीम द्वारा आरोपी की तलाश की जा रही थी। पुलिस टीम द्वारा मृतक के परिजनों एवं अन्य गवाहों के बयान दर्ज किये गए। विवेचना में आशीष को अंतिम बार अपने दोस्तों के साथ देखे जाने की सूचना प्राप्त हुई।
संयुक्त पुलिस टीम द्वारा आशीष के दोस्तों के संबंध में जानकारी प्राप्त कर दोस्तों को तलब कर बारीकी से पूछताछ की गई। जांच में संदिग्ध वीरेंद्र कुमार नागवंशी उर्फ लादेन (18 वर्ष) पिता कुलदीप मुंडा निवासी बंजारीपारा लक्ष्मीपुर थाना मणीपुर को पकड़कर घटना के बारे में कड़ाई से पूछताछ की गई। जिसमें आरोपी ने अपना गुनाह कबूल किया। उन्होंने बताया कि आशीष की उसकी जानपहचान की लड़की से बातचीत होने एवं मेलजोल रखने से नाराज होकर 26 जनवरी को शराब पिलाकर उसकी जान ले ली। इसके बाद हरिहर पुरिया के धान खेत में ले जाकर रस्सी से गला घोंटकर हत्या कर दी। आरोपी के कब्जे से घटना मे प्रयुक्त जैकेट एवं जैकेट का रस्सी बरामद की गई है। आरोपी के कबूलनामे और उसके खिलाफ अपराध सबूत पाये पर उसे गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेजा गया है।