मोहाली। शुक्रवार की रात तेज आंधी और बारिश ने शहर को अस्त व्यस्त कर डाला। कई जगह बिजली के तार टूटकर गिर गए तो कईं स्थानों पर पेड़ भी गिरे और कुछ जगह पानी जमा हो गया। इतना ही नहीं, तारों पर पेड़ गिरने की वजह से मोहाली में कई सेक्टरों और इंडस्ट्रियल एरिया फेज-8 की बिजली गुल हो गई। जिसकी वजह से इंडस्ट्री में कामकाज ठप पड़ गया। तेज आंधी सुबह करीब चार बजे चली थी। इसी आंधी ने शहर के कई इलाकों में तूफान मचा दिया। कई पेड़ गिर गए, तेज आंधी के कारण कई जगह टूटे पेड़ बिजली के तार पर जा गिरे। जिससे छह घंटे बिजली गुल हो गई। इंडस्ट्रियल एरिया फेज 8 में तार पर पेड़ों की टाहनियां गिरने से बिजली सप्लाई दस घंटे प्रभावित रही। मोहाली के इस एरिया में कई नामी फैक्ट्री हैं। जिनका काम प्रभावित हो गया। स्थानीय उद्योगपतियों ने बताया की गई बार शिकायत कर चुके है पर कई घंटे बीतने के बावजूद बिजली गुल रही। काम प्रभावित होने के चलते फैक्ट्री में काम करने वाले कर्मचारियों को छुट्टी देनी पड़ी।
कुंभड़ा-सोहाना रोड पर पेड़ की टहनियां टूटकर गिरी। वहीं सेक्टर 71 के रिहायशी इलाके में बी रोड पर सड़क पर पेड़ का तना गिरने से आवाजाही की समस्या हो गई। हालांकि किसी के जानी नुकसान की कोई कोई सूचना नहीं है। इस आंधी के बाद तेज बारिश भी हुई। कई हिस्सों में पेड़ और टहनियां टूटकर घरों में और सड़कों के बीच आ गिरीं।
निगम ने मांग की अनसुनी, परेशान हो रहे लोग
शहर में सड़कों के किनारे ऐसे कई पेड़ हैं जो जड़ से खोखले हो चुके हैं। इनके कभी भी गिरने का अंदेशा पहले भी कई समाजसेवी जता चुके हैं। चेतावनी के बावजूद नगर निगम ने इन्हें नहीं कटवाया। शहर में लगे कई पेड़ जड़ से खोखले हो गए हैं, उन्हें काटा जाना चाहिए, ताकि इनके गिरने से कोई नुकसान न हो। पहले भी शहर में आंधी-तूफान आने से कई विशाल पेड़ गिर गए हैं। इनसे गाड़ियों को भारी नुकसान पहुंच चुका है, लेकिन नगर निगम के अधिकारियों ने इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया। परिणामस्वरूप शहर के लोगों को इसका खामियाजा भुगतना पड़ा।