कैथल। पति की हत्या करने और शव को खुर्दबुर्द करने की दोषी पत्नी और उसके प्रेमी को अदालत ने आजीवन कारावास व 25 हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है। जुर्माना अदा ने करने पर आरोपियों को चार साल अतिरिक्त का कारावास भुगतना होगा।
पुलिस प्रवक्ता रोशन लाल खटकड़ ने बताया कि बलबेहड़ा वासी रणबीर उर्फ बुटा 27 जुलाई 2012 की शाम घर से घूमने के लिए निकला था। 28 जुलाई को उसका शव गांव के तालाब में मिला। उसकी गर्दन व पेट पर गहरे घाव थे। इस पर चीका पुलिस ने अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ केस दर्ज करके जांच शुरू कर दी।
मामले की जांच के बाद पुलिस ने 11 अगस्त को मृतक के पड़ोसी सुरेंद्र उर्फ काला और 13 अगस्त को मृतक की पत्नी सीमा को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस पूछताछ में सीमा ने खुलासा किया कि उसने प्रेमी सुरेंद्र के साथ योजना बनाकर प्रेम प्रसंग के चलते पति की हत्या की थी और तालाब पर बुलाकर चाकुओं से गोद दिया था। पुलिस ने इस मामले में मृतक के पिता भला राम की शिकायत पर केस दर्ज किया था।
पुलिस ने वारदात में प्रयोग किया गया चाकू, योजना में प्रयुक्त मोबाइल फोन और कपड़ों को कब्जे में लेते हुए सुबूत जुटाकर 11 अक्टूबर को मामला अदालत के सुपुर्द कर दिया। प्रवक्ता ने बताया कि एएसजे कैथल जयबीर सिंह की अदालत ने बुधवार को दोनों दोषियों को भारतीय दंड संहिता की धारा 302 तहत आजीवन कारावास व दस-दस हजार रुपये जुर्माना, 120बी के तहत आजीवन कारावास व दस-दस हजार रुपए जुर्माना तथा भारतीय दंड संहिता की धारा 201 के तहत तीन-तीन वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई।