लुधियाना के जालंधर बाईपास स्थित अनाज मंडी में 11 अप्रैल से दो ट्राली गेहूं बेचने आए गांव बलीपुर निवासी किसान हरभजन सिंह ने बताया कि दो दिन हो गए, कोई बोली लगाने नहीं आया। आढ़तियों के मजदूर फसल साफ कर रहे हैं। नियमानुसार रोज सुबह दस बजे और दोपहर दो बजे सरकारी अफसरों को बोली लगाने के लिए आना चाहिए लेकिन ऐसा नहीं हो रहा। सुविधाओं के नाम पर पेयजल की व्यवस्था नहीं है। शौचालय का प्रबंध नहीं है। वह तो आढ़ती के सहारे यहां बैठे हैं। शौचालय जाना हो तो उनके दफ्तर में जाना पड़ता है।
मैं सोमवार को खन्ना में मंत्री भारत भूषण आशु के साथ मंडियों में खरीद शुरू करवाने के लिए पहुंचा हूं। मुझे जानकारी नहीं है कि लुधियाना की अनाज मंडी में खरीद शुरू क्यों नहीं हुई है। इस संबंध में सभी अफसरों से जानकारी लेकर ही कुछ बता सकूंगा। -दविंदर सिंह कैंथ, जिला मंडी अफसर।
इस मंडी में खरीद की जिम्मेदारी मार्कफेड की है। खरीद क्यों नहीं हुई या फिर बोली क्यों नहीं लगी, इसके संबंध में मार्कफेड के अधिकारी ही बेहतर बता सकते हैं। जहां तक सुविधाओं की बात है तो शौचालय बने हैं और पानी का इंतजाम भी है। इस बार कोरोना के कारण किसानों को ठंडा पानी नहीं देना है, इसलिए इसकी अलग व्यवस्था की गई है। -टेक बहादुर सिंह, सचिव, मंडी बोर्ड।
मार्कफेड के मैनेजर राजविंदर सिंह से सीधी बात
- सवाल: जालंधर बाईपास स्थित मंडी में खरीद कितनी की गई?
- जवाब: मैंने बारदाना भेज दिया था।
- सवाल: खरीद क्यों शुरू नहीं की गई?
- जवाब: गेहूं में थोड़ी नमी थी और सफाई होने वाली थी।
- सवाल: गेहूं में कितने प्रतिशत नमी पाई गई है?
- जवाब: थोड़ी थी, किसान और आढ़ती को सफाई के लिए कहा गया है।
- सवाल: मंत्री भारत भूषण आशु कब उद्घाटन करने आ रहे हैं?
- जवाब: मुझे मैसेज तो आया है, पता नहीं मंगलवार या बुधवार को।
- सवाल: मंत्री के उद्घाटन से पहले आप खरीद कैसे करेंगे?
- जवाब: अभी गेहूं आना शुरू हुआ है, वैसे भी किसान बैसाखी के बाद ही आते हैं।