महिलाएं गांव, कॉलोनियों और स्कूलों में जाकर पानी के नमूने एकत्र करेंगी। सुबह 6 से दोपहर दो बजे तक यह अभियान चलेगा। सभी सैंपल सेक्टर-39 के वाटर वर्कर्स की मुख्य लैब में जाएंगे, जहां इसकी जांच होगी। जांच रिपोर्ट चार दिन के अंदर आएगी।
मेयर हरप्रीत कौर बबला ने कहा कि निगम का यह कदम शुद्ध और सुरक्षित पीने के पानी की नियमित जांच को सुनिश्चित करने के लिए उठाया है। उन्होंने कहा कि महिलाओं का विकास होगा। साथ ही पानी की गुणवत्ता को बरकरार रखने के लिए यह एक सराहनीय पहल है।