अनाज मंडी ट्रांसपोर्टेशन टेंडर घोटाले में नामजद पूर्व कैबिनेट मंत्री भारत भूषण आशु की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही हैं। विजिलेंस ने सोमवार को जिला एंव सत्र न्यायाधीश डॉ. अजीत अत्री की अदालत में 1556 पेज का चालान पेश किया। इसमें 91 पेज का चालान पूर्व मंत्री आशु और इस मामले में गिरफ्तार आरोपियों का बताया जा रहा है।
एसएसपी विजिलेंस रविंदर पाल सिंह संधू ने बताया कि विजिलेंस की तरफ से तीन महीने के अंदर चालान पेश किया जाना था। 22 अगस्त को विजिलेंस की टीम ने पूर्व मंत्री भारत भूषण आशु को गिरफ्तार किया था। सोमवार को आशु, ठेकेदार तेलू राम और कमीशन एजेंट कृष्ण लाल के खिलाफ डॉ. अजीत अत्री की अदालत में चालान पेश किया गया। उन्होंने कहा कि पूर्व मंत्री को 22 अगस्त 2022 को प्राथमिकी संख्या 4 के तहत गिरफ्तार किया गया था। 16 अगस्त को विजिलेंस की टीम ने तेलू राम को गिरफ्तार किया था।
सिंगला समेत कई आरोपी अभी फरार
इस मामले में आरके सिंगला, पूर्व मंत्री का पीए मीनू पंकज मल्होत्रा, इंद्रजीत सिंह इंदी सहित कई आरोपी अभी फरार हैं। जिनकी तलाश में विजिलेंस की टीम लगातार छापामारी करने में भी जुटी है। एसएसपी ने बताया कि इस संबंध में आगे की जांच की जा रही है और इस मामले में अन्य आरोपियों के खिलाफ पूरक चालान पेश किया जाएगा।
आरके सिंगला, मीनू पंकज मल्होत्रा और इंदी को भगोड़ा घोषित करने की कार्रवाई तेज
विजिलेंस की तरफ से पूर्व डिप्टी डायरेक्टर आरके सिंगला, पूर्व मंत्री के पीए मीनू पंकज मल्होत्रा और इंद्रजीत इंदी को भगोड़ा घोषित करने की कार्रवाई तेज कर दी है। बताया जा रहा है कि आरके सिंगला के तो 24 नवंबर को इश्तेहार निकलेंगे और उसके बाद भगोड़ा घोषित करने की कार्रवाई शुरू कर दी जाएगी। जबकि मीनू पंकज मल्होत्रा और इंद्रजीत इंदी को भी 19 नवंबर तक पेश होने के लिए कहा गया है। इसके बाद उनके खिलाफ भी कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी जाएगी।