आय से अधिक संपत्ति मामले में विजिलेंस ब्यूरो ने पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी को नोटिस भेजकर बुधवार को तलब किया है। उन्हें अपनी संपत्ति के दस्तावेज लेकर विजिलेंस के मोहाली स्थित मुख्यालय में हाजिर होने का आदेश दिया गया है। वहीं, इस मामले में अब सियासत शुरू हो गई है। पंजाब कांग्रेस ने इसे आप सरकार की बदलाखोरी बताते हुए इस मामले को जालंधर लोकसभा उपचुनाव से जोड़ दिया है।
कांग्रेस ने अपने ट्विटर हैंडल से ट्वीट कर आप को टैग करते हुए लिखा है ‘डरांगे नहीं हरावांगे’ (डरेंगे नहीं, हराएंगे)। इसके साथ ही हैश टैग जालंधर उपचुनाव लिखा है। कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने अपनी फेसबुक पोस्ट में लिखा है कि जालंधर उपचुनाव की संभावित हार से बौखलाई आम आदमी पार्टी अपने आखिरी हथियार विजिलेंस ब्यूरो का सहारा लेने पर उतर आई है। चन्नी तो हमेशा मुश्किलों का सामना करके पंजाब के हितों के लिए खड़े रहे हैं। मुझे पूरा यकीन है कि वह और भी मजबूती के साथ उभरेंगे।
वहीं, आप ने कांग्रेस के बदलाखोरी के आरोप पर पलटवार किया है। कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा ने कहा कि अगर यह चीज बदलाखोरी या राजनीति से प्रेरित होती तो चन्नी को समन जारी कर रिकॉर्ड लेकर हाजिर होने के लिए न बुलाया जाता, बल्कि पुलिस घर से ही उन्हें गिरफ्तार कर लेती। चन्नी साहिब के भांजे के बेड से 11 करोड़ रुपये मिले थे। अब यह पैसे टेंट लगाकर, मंजे बुनकर और बकरियों का दूध निकाल कर तो आ नहीं सकते। यह पैसे कहां से आ रहे हैं। इस बात की जांच तो विजिलेंस ही करेगी। सब ठीक है तो डरने की जरूरत नहीं है।
पूर्व विधायक किक्की ढिल्लों से विजिलेंस ने की पूछताछ
विजिलेंस ब्यूरो ने प्रदेश कांग्रेस उपाध्यक्ष और पूर्व विधायक कुशलदीप सिंह किक्की ढिल्लों से करीब घंटा पूछताछ की। आय से अधिक संपत्ति मामले में मंगलवार को विजिलेंस ने उन्हें दफ्तर बुलाया था। इससे पहले भी दो बार पूछताछ हो चुकी है। पूर्व विधायक किक्की ढिल्लों ने इसे राजनीति से प्रेरित बताया है।
शिकायत के आधार पर विजिलेंस ने किक्की ढिल्लों की संपत्ति का ब्योरा लिया है। पूर्व विधायक का कहना है कि उनकी आय और संपत्ति खुली किताब की तरह है। इस संबंधी सभी विवरण चुनाव लड़ने के समय चुनाव आयोग को शपथ पत्र के रूप में उपलब्ध करवाए जाते रहे हैं। वहीं, इनकम टैक्स रिटर्न में भी सारे विवरण दिए गए हैं। इस मामले में जरा भी सच्चाई नहीं है।