चंडीगढ़। पुलिस ने दो शातिर चोरों को गिरफ्तार कर चोरी की दो बड़ी वारदातों को सुलझा लिया। आरोपियों से करीब एक करोड़ की ज्वेलरी के साथ छह लाख रुपये नगद बरामद किए हैं। आरोपियों की पहचान मोहाली के गांव बलौंगी की एकता कॉलोनी वासी शंकर थापा (29) और श्याम मंडल (48) के रूप में हुई है। शंकर मूल रूप से नेपाल का रहने वाला है, जबकि श्याम बिहार के जिला दरबंगा के गांव सदर का है।
एसएसपी निलांबरी विजय जगदले ने बताया कि 22 नवंबर को सेक्टर 38 वेस्ट के मकान नंबर 5711 निवासी मधुसुधन शर्मा ने शिकायत दी कि उनके जीजा कर्नल विनोद मदरा सेक्टर 36ए स्थित मकान नंबर 146 रहते हैं। 19 नवंबर को उनकी बहन और जीजा शादी समारोह में शामिल होने के लिए गोवा गए थे। विनोद ने 22 नवंबर को उन्हें फोन जानकारी दी कि नौकरानी ने कहा कि उनके घर के ताले टूटे हुए हैं। जांच में पता चला कि घर से लाखों की ज्वैलरी व नगदी गायब है। सेक्टर 36 थाना पुलिस ने केस दर्ज किया था।
चोरी की वारदात के चार दिन बाद सेक्टर 38 वेस्ट के मकान नंबर 5530 में रहने वाले दीपइंदर सिंह औलख के घर पर चोरी हो गई। चोरी के वक्त पूरा परिवार मोगा गया था। घर से काफी सारी ज्वैलरी व पैसा गायब था। जांच में पता चला कि सेक्टर 38 वेस्ट में हुई चोरी की वारदात के दौरान आरोपियों ने सीसीटीवी की डीवीआर पानी में डाल दिया था। सेक्टर 36 में हुई वारदात को भी इसी तरह से अंजाद दिया गया था। पुलिस को शक हुआ कि दोनों ही वारदातों में एक ही गैंग का हाथ हो सकता है।
पुलिस ने सेक्टर 36 की फुटेज रिकवर की और दोनों आरोपियों की पहचान हो गई।
पुलिस ने एक आरोपी को चंडीगढ़ और दूसरे को दरभंगा से गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों पर पहले से ही कई केस दर्ज हैं। आरोपी शंकर थापा पर सेक्टर 39 थाने में साल 2008 से साल 2011 तक स्नैचिंग व चोरी के चार केस दर्ज हैं। सेक्टर 36 व तीन थानों में भी एक-एक केस दर्ज है। श्याम मंडल पर सेक्टर 34 थाने में आर्म्स एक्ट, मोहाली के मटौर थाने में तीन, खरड़ सिटी थाने में एक व फेज-1 मोहाली थाने में भी एक केस दर्ज है।
चोर के घर में हुई चोरी
चोरी की दोनों वारदातों को अंजाम देने के बाद आरोपियों ने आपस में रुपये बांट लिए। उसके बाद बलौंगी में आरोपी श्याम मंडल के घर के पास ही एक शादी समारोह था। शादी में उसने शराब पीकर नोट बरसाने शुरू कर दिए। ज्यादा रुपये देख किसी ने उसके घर से 11 लाख रुपये चुरा लिए। जब श्याम मंडल को पता चला तो उसने पुलिस कंट्रोल रूम पर चोरी की सूचना दे दी। जब उसका नशा उतरा तो उसने सोचा कि पुलिस को क्या बताएगा कि इतने सारे पैसे कहां से आए। उसके बाद उसने पुलिस को फोन कर बताया कि शराब के नशे में उसने गलती से फोन कर दिया था।
बाहर अखबार पड़ा देख करते थे घर की रैकी
पुलिस जांच में सामने आया कि दोनों आरोपी दिन में चार-पांच घरों की रैकी कर लेते थे। देखते थे कि किसके घर के बाहर अखबार पड़ा है। उसके बाद वे समझ जाते थे कि घर का मालिक बाहर गया हुआ है। पकड़े गए आरोपियों से पुलिस ने किट बैग भी बरामद किया है, जिसमें इलेक्ट्रिक्ल कटर, चार-पांच रॉड व अन्य सामान बरामद किया है, जिसकी मदद से वे ताला तोड़ते थे।