पश्चिम बंगाल की प्रमुख राजनीतिक पार्टी तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) ने इस बार पंजाब के विधानसभा चुनाव में किसानों की पार्टी जय जवान जय किसान (जेजेजेके) के साथ मिलकर प्रदेश के स्थापित राजनीतिक दलों को चुनौती देने की तैयारी कर ली है। मंगलवार को जेजेजेके और टीएमसी ने गठबंधन का एलान करने के साथ ही राज्य की सभी 117 सीटों पर अपने प्रत्याशी उतारने की घोषणा की।
अपने 72 सूत्री घोषणा पत्र में दोनों दलों ने पंजाब से जुड़े मुद्दों का उल्लेख करते हुए समाज के सभी वर्गों को राहत प्रदान करने का भरोसा दिया है। इस चुनावी घोषणा पत्र में प्रदेश में बढ़ती बेरोजगारी को खास तौर पर प्रमुखता दी गई है। पार्टी ने पंजाब की जनता से वादा किया है कि सत्ता संभालते ही सरकारी नौकरियों में अनुबंध के आधार पर नौकरी पर रखे जाने की प्रथा को समाप्त कर दिया जाएगा। यही नहीं सभी कांट्रैक्ट कर्मचारियों को उनकी नियुक्ति के दिन से नियमित किया जाएगा और उन्हें सभी लाभ भी प्रदान किए जाएंगे।
जय जवान जय किसान पार्टी: गुरचरण सिंह शोरीचकर (जलालाबाद), सतीश कुमार (लुधियाना सेंट्रल), राजदीप कौर कालिया (पायल), बग्गा खान (मालेरकोटला), अमनप्रीत सिंह सिद्धू (दिड़बा), मलकीत सिंह छज्जा (श्री आनन्दपुर साहिब), परमजीत सिंह (नवांशहर), गुरदीप सिंह (सरदूलगढ़), बहादर सिंह बुट्टर (संगरूर), तेजा राम (फाजिल्का), गुरिंदर कौर पन्नू (गुरदासपुर), हरमन टिवाना (अमलोह)।
टीएमसी: मनजीत सिंह (खरड़), कृपाल कौर (रोपड़), गुरदीप सिंह (मोगा), जगदीप सिंह (मौड़), दलजीत सिंह चौहान (रामपुरा फुल), ओम प्रकाश (गिदड़बाहा), गगनदीप पालता (बाघा पुराना), सुरजीत (जालंधर कैंट), राजवीर (नकोदर), जतिंदर शर्मा (जालंधर सेंट्रल), परगट सिंह (बस्सी पठाना)।