जीएसटी कलेक्शन में पिछले साल की अपेक्षा इस बार 10 फीसदी के इजाफे को हासिल करने के लिए अब विभाग यूटी में बाहर से आने वाले सामान पर नजर रखेगा। इसके लिए पंजाब और हरियाणा की सीमा पर वस्तु एवं सेवाकर विभाग कर्मचारियों की तैनाती करेगा। सामान लाने वाले ट्रांसपोर्टरों के बिलों को कर्मचारियों की ओर से चेक किया जाएगा।
गौरतलब है कि यूटी के वस्तु एवं सेवाकर विभाग की ओर से मंगलवार को ‘अपना बिल लेना न भूलें’ मुहिम शुरू की गई थी। इस मुहिम का राज्य अतिथि गृह में यूटी के वित्त सचिव अजोय कुमार सिन्हा ने विधिवत लांचिंग की थी। इस मुहिम के तहत विभाग की ओर से दुकानदारों और ग्राहकों को सामान की खरीद पर बिल देने और लेने को लेकर जागरूक किया जाएगा।
इसी मुहिम के तहत अब वस्तु एवं सेवाकर विभाग चंडीगढ़ में अन्य राज्यों से आने वाले सामान पर भी नजर रखेगा। सीमा पर तैनात विभाग के कर्मी चेक करेंगे कि राज्य में ट्रकों या अन्य छोटे वाहनों से आने वाले सामान पर कर की पूरी अदायगी की गई है कि नहीं।
मुहिम पर व्यापारियों ने जताई आपत्ति
व्यापारी नेता कैलाश चंद्र जैन ने वस्तु एवं सेवाकर विभाग की इस मुहिम पर आपत्ति प्रकट की है। उनका कहना है कि चंडीगढ़ के व्यापारी पहले ही बड़ी जिम्मेदारी से बिल काटते हैं, जिसकी वजह से ही चंडीगढ़ जीएसटी कलेक्शन में नंबर वन बना है। इसके बाद भी विभाग 10 प्रतिशत की बढ़ोतरी को व्यापारियों के ऊपर थोपना चाहता है। यह व्यापारियों के लिए जायज नहीं है। व्यापारी इसके खिलाफ आवाज उठाएंगे।
जागरूकता फैलाएगी मुहिम
‘अपना बिल लेना न भूले’ विभागीय मुहिम का उद्देश्य व्यापारियों और ग्राहकों को जागरूक करने का है। इसके तहत ही कार्य किया जाएगा। विभागीय कर्मचारियों को कहा गया है कि बिना वजह किसी भी प्रकार से व्यापारियों पर दवाब न बनाया जाए।
- आरके चौधरी, असिस्टेंट कमिश्नर, वस्तु एवं सेवाकर विभाग