चंडीगढ़। पंजाब के एक अस्पताल से नवजात चोरी कर चंडीगढ़ में बेचने के मामले में आरोपी तीन महिलाओं का 9 दिन का रिमांड खत्म होने के बाद पुलिस ने वीरवार को ड्यूटी मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश कर जेल भेज दिया। बीते चार अगस्त से भावना, कुलदीप कौर व सरबजीत कौर पुलिस रिमांड पुलिस पर थीं। वहीं, इससे पहले पुलिस इस मामले में आरोपी मनदीप सिंह और कांस्टेबल अमरजीत सिंह को जेल भेज चुकी है। बता दें कि बीते 3 अगस्त को पुलिस ने एयरपोर्ट लाइट प्वाइंट के पास से चंडीगढ़ में नवजात को बेचने आ रहे ऑल्टो सवार 3 महिलाओं समेत पांच लोगों को गिरफ्तार किया था। इनमें एक पंजाब पुलिस का कांस्टेबल भी शामिल था। पुलिस जांच में सामने आया था कि ये आरोपी चार लाख में नवजात को बेचने पहुंचे थे।
पूछताछ में खुलासा हुआ था कि सेक्टर-40 में भी एक और नवजात को एक लाख में बेचा था। आरोपियों की निशानदेही पर सेक्टर-40 से 11 दिन की बरामद बच्ची की मां ने पुलिस को बताया था कि उसने 23 जुलाई को मुक्तसर के एक अस्पताल में बच्ची को जन्म दिया था। उसके पहले से ही 3 बच्चे हैं। उसके गर्भवती होने के दौरान आशा वर्कर सरबजीत उसकी देखभाल करती थी। सरबजीत ने कहा था कि उसकी बहन की गोद सूनी है। इसके चलते उसने बच्ची को सरबजीत को दे दिया। वहीं, 3 अगस्त को आरोपियों से मिले नवजात बच्चे की मां ने पुलिस को बताया था कि एक अगस्त को मालेरकोटला के एक अस्पताल में उसने जुड़वा बच्चों को जन्म दिया था। इनमें से एक की मौत हो गई थी, जबकि तीन अगस्त को अस्पताल से छुट्टी वाले दिन आशा वर्कर सरबजीत ने उसके बच्चे को कमजोर कहकर अस्पताल में जांच कराने के बहाने नवजात को लेकर फरार हो गई थी।