हरियाणा मंत्रिमंडल की मंगलवार को होने वाली बैठक में कई अहम फैसले लिए जा सकते हैं। संभावना जताई जा रही है कि बड़े फैसलों में हुड्डा सरकार के कार्यकाल में लिए गए कुछ फैसलों पर रोक भी लग सकती है। जबकि कुछ फैसले संशोधन के साथ लागू होने की उम्मीद है।
पिछली केबिनेट की बैठक में मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने ने कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में मई 2014 से लिए गए निर्णयों की समीक्षा के आदेश दिए थे। इनकी समीक्षा की रिपोर्ट 15 दिनों में मांगी गई थी।
अब रिव्यू की समय अवधि समाप्त होने के बाद एचपीजीसीएल और डीएचबीवीएन में सरकार बड़े स्तर पर फेरबदल का निर्णय ले सकती है। दोनों संस्थाओं की कार्यप्रणाली से भाजपा सरकार संतुष्ट नहीं है। इसके अलावा सरकार ने सेवा विस्तार वाले बाबुओं की भी लिस्ट तैयार कर ली है। अब देखना यह है कि इस लिस्ट पर सरकार आज क्या निर्णय लेगी। बताया जाता है कि सरकार ने रिटायरमेंट की उम्र 60 से 58 करने का मन बना लिया है।
उधर, सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा ने सरकार को आगाह किया है कि अगर रिटायरमेंट की उम्र 60 से 58 वर्ष की गई तो कर्मचारी इसका कड़ा विरोध करेंगे। सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा के प्रधान धर्मबीर फौगाट व महासचिव सुभाष लांबा ने बताया कि संघ ने इसकी ठोस योजना भी तैयार कर ली है।
संघ ने मुख्यमंत्री से जल्दबाजी में कोई ऐसा निर्णय न लेने का अनुरोध किया है, जिससे कर्मचारियों के हितों को नुकसान पहुंचे।