रेल यात्रा के दौरान अब महिला यात्री और बच्चे ज्यादा महफूज महसूस करेंगे। ट्रेनों में उन्हें किसी प्रकार की दिक्कत न हो और उनकी सुरक्षा भी कड़ी रहे, इसके लिए रेलवे मंत्रालय पूरी तरह से गंभीर है। इसी के मद्देनजर रेल मंत्रालय ने सभी मंडल रेल प्रबंधकों को इस बाबत एक एक्शन प्लान तैयार करने के निर्देश दिए हैं।
इसके लिए मंत्रालय की ओर से सभी मंडलों को गाइडलाइंस भी भेजी गई है। इसके तहत एक्शन प्लान तैयार कर महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा को सुनिश्चित किया जाना है। एक्शन प्लान के तहत इस काम के लिए एक विशेष कमेटी का गठन किया जाएगा। मंडल रेल प्रबंधक इस स्पेशल कमेटी के अध्यक्ष होंगे। जबकि वरिष्ठ मंडल परिचालन प्रबंधक, वरिष्ठ मंडल सुरक्षा आयुक्त (सीनियर कमांडेंट) व वरिष्ठ मंडल कार्मिक अधिकारी इसके सदस्य होंगे।
इसके तहत महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा को लेकर सभी मंडलों में जहां रेलवे अफसरों की देखरेख में सार्वजनिक स्थानों, स्टेशन परिसरों में नुक्कड़ नाटक भी आयोजित कर इस विषय पर जागरूक किया जाएगा, वहीं आरपीएफ की मदद से भी ट्रेनों में स्पेशल जागरूकता अभियान भी चलाया जाएगा। साथ ही ट्रेनों में खासकर रात के समय गश्त और बढ़ाई जाएगी। हालांकि जीआरपी राज्य सरकारों के अधीनस्थ होती है, लेकिन इस मुहिम के लिए रेलवे का आरपीएफ के साथ-साथ जीआरपी से भी पूरी लाइजनिंग रहेगी। जरूरत पड़ने पर जीआरपी को भी इस मिशन में शामिल किया जा सकता है।
डीआरएम तक सीधे पहुंचेगी घटना की सूचना
एक्शन प्लान के अंतर्गत अब यदि ट्रेन व स्टेशन परिसर में महिलाओं व बच्चों के साथ कुछ भी घटना घटित होगी, उसकी सीधी सूचना डीआरएम तक जाएगी। अभी ऐसा नहीं होता। संबंधित घटना की समीक्षा संबंधित कमेटी करेगी और कड़ी कार्रवाई को भी सुनिश्चित करवाएगी। उसके बाद इसकी रिपोर्ट डीआरएम को दी जाएगी। अंबाला रेल मंडल के डीआरएम दिनेश चंद शर्मा ने बताया कि मंडल में विशेष कमेटी का गठन हो गया है।
इसमें वरिष्ठ मंडल परिचालन प्रबंधक प्रोमिला गुप्ता, वरिष्ठ मंडल सुरक्षा आयुक्त कमलजोत बराड़ व वरिष्ठ मंडल कार्मिक अधिकारी राजीव बजाज को सदस्य बनाया गया है। डीआएम दिनेश चंद के अनुसार मंत्रालय की जो भी गाइडलांइस है, उसके तहत एक्शन प्लान तैयार किया जा रहा है।