चंडीगढ़। पंचकूला में तैनात हरियाणा पुलिस एसपीओ अजीत सिंह की हत्या की गुत्थी उलझती जा रही है। पहले सीसीटीवी फुटेज में दिखे दो युवक संदेह के घेरे में थे, फिर अजीत का मकान बनाने वाला ठेकेदार शक के दायरे में आया। अब जांच की सुई ट्रांसजेंडरों की ओर घूम गई है। पुलिस मोहाली व चंडीगढ़ के कई ट्रांसजेंडरों से हत्याकांड के संबंध में पूछताछ कर रही है। सीसीटीवी में कैद दोनों युवकों की फोटो भी ट्रांसजेंडरों के ग्रुपों में शेयर की गई है।
तीन दिन पूर्व हाउसिंग बोर्ड पर तैनात एसपीओ अजीत सिंह का खून से लथपथ शव चंडीगढ़-मोहाली सीमा पर सेक्टर-56 में पलसोरा चौकी से महज 100 कदम दूर जंगल क्षेत्र में मिला था। अजीत की वर्दी खुली हुई थी और बेल्ट साइड में पड़ी थी। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू की थी। जब घटनास्थल के नजदीक स्थित गुरुद्वारे व निजी अस्पताल के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई तो पता चला कि मृतक एसपीओ अजीत सिंह ने रात में घर जाते समय दो युवकों को लिफ्ट दी थी और अंत तक यही युवक उनके साथ थे। ऐमे में पुलिस ने सबसे पहले फुटेज के आधार पर इन युवकों की तलाश शुरू की। साथ ही मृतक जवान की कॉल रिकॉर्ड मुताबिक उसकी फोन पर आखिरी बार बातचीत उसका मकान बनाने वाले ठेकेदार के साथ हुई थी। हत्या की वारदात के बाद से उक्त ठेकेदार भी गायब है। पुलिस जांच टीमें इन तीनों
की तलाश में हैं। पुलिस ने जब अजीत की कॉल डिटेल खंगाली तो कई चौंकाने वाली बातें सामने आईं। कॉल रिकॉर्ड के मुताबिक, ठेकेदार की फोन पर ट्रांसजेंडरों के साथ भी बातचीत मिली है। ऐसे में पुलिस इस हत्या को ट्रांसजेंडरों से जोड़कर देख रही है।