चंडीगढ़। सिटी के रेलवे स्टेशन पर वीरवार को उस समय हंगामा हो गया, जब 65वें नेशनल स्कूल गेम्स में खेलने जाने वाली लड़कियों की फुटबॉल टीम की ट्रेन की सीटें कंफर्म नहीं हुईं। इसके चलते महिला फुटबॉल टीम की खिलाड़ियाें और उनके परिजनाें ने रोष जताकर हंगामा किया। इसकेबाद पहले तो शिक्षा विभाग ने खिलाड़ियों को बिना सीट कंफर्म के सफर करने को कहा, लेकिन मामले में तूल पकड़ता देख शिक्षा विभाग ने बच्चों और परिजनों को यह कहकर शांत किया कि इन सभी बच्चों कीे टिकट शुक्रवार के लिए कंफर्म करवा रहें है और बच्चे शुक्रवार को चंडीगढ़ से कंफर्म सीट के साथ सफर करेंगे।
मिली जानकारी के अनुसार टीम की 18 महिला खिलाड़ियों और दो ऑफि शियल ने जाना था। लेकिन खिलाड़ियों को छोड़कर केवल ऑफिशियल की ही दो टिकटें कंफर्म थीं। इस बात का जब स्टेशन पर मौजूद खिलाड़ियों के परिजनाें को पता चला तो उन्होंने अपने बच्चों को भेजने से मना कर दिया।
यहां होने है मुकाबले - आंध्र प्रदेश के गंटूर में 13 जनवरी से 16 जनवरी तक 65वें नेशनल स्कूल गेम्स खेले जाने हैं। जिसमें चंडीगढ़ की अंडर-19 गर्ल्स फुटबॉल टीम हिस्सा लेने जा रही है। इस टीम की टिकटें शिक्षा विभाग ने बुधवार को बुक करवाई थीं। जोकि वेटिंग में चल रहीं थीं। वीरवार सुबह जब बच्चों को और उनके परिजनों को पता चला कि लगभग 40 घंटे का सफर उन्हें बिना सीट के कंफर्म के ही करना होगा तो उन्होंने इस पर आपत्ति जताते हुए हंगामा कर दिया। फिलहाल विभाग ने बच्चों और परिजनों को समझाकर घर वापस भेज दिया है। अभिभावकों का कहना हैं कि टिकट बुकिंग में विभाग ने ही देरी की है। ऐसे में शिक्षा विभाग के उन अधिकारियों के खिलाफ कारवाई करनी चाहिए जिन्होंने टिकट बुकिंग में देरी की हैं।
हंगामे के बाद जागा शिक्षा विभाग
रेलवे स्टेशन पर जब महिला खिलाड़ियों के परिजनोें ने हंगामा किया तो यूटी के शिक्षा विभाग को होश आया। शिक्षा विभाग के कई अधिकारी रेलवे स्टेशन पंहुच कर खुद लाइन में लगकर तत्काल टिकट कंफर्म करवाने के लिए तैयार हो गए। इस संबंधी शिक्षा विभाग के खेल आयोजक जगपाल सिंह ने बताया कि शुक्रवार को चंडीगढ़ से दिल्ली के लिए जनशताब्दी की तत्काल टिकट और दिल्ली से आंध्र प्रदेश के लिए ट्रेन में सीटें कंफर्म हो गई हैं। अब खिलाड़ी नेशनल स्कूल गेम्स में हिस्सा ले सकेंगे।