चंडीगढ़। नगर निगम के अधीन आने वाले शहर के 36 छोटे-बड़े चौकों की अब व्यवस्थित देखरेख और सौंदर्यीकरण होगा। सोमवार को अधिकारियों की बैठक में निगम कमिश्नर अमित कुमार ने निर्देश दिए कि सभी चौकों की नियमित सफाई, घास की कटाई, व्हाइट वॉश, मरम्मत और रोटरी की उचित देखभाल सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि निगम के चौकों की अलग पहचान दिखनी चाहिए और बरसात के दौरान कहीं भी अनियंत्रित घास नजर नहीं आनी चाहिए।
कमिश्नर ने चीफ इंजीनियर संजय अरोड़ा को निर्देश दिए कि टूटे हुए चौकों की मरम्मत कराई जाए और रात में दृश्यता बढ़ाने के लिए रिफ्लेक्टिव पट्टियां लगाई जाएं। उन्होंने कहा कि कंपनियों को चौकों के रखरखाव और विज्ञापन अधिकार सौंपने से पहले सभी चौकों को बेहतर स्थिति में लाया जाए।
चीफ इंजीनियर ने बताया कि निगम चौकों के मेंटेनेंस और ब्यूटीफिकेशन के लिए विज्ञापन आधारित मॉडल पर काम कर रहा है। चयनित कंपनियां चौकों का रखरखाव करेंगी और बदले में निगम को विज्ञापन व लाइसेंस शुल्क देंगी। बैठक में कमिश्नर ने इंफोर्समेंट शाखा की कार्यप्रणाली पर भी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि एक कर्मचारी के वीडियो के आधार पर विजिलेंस द्वारा केस दर्ज होना गंभीर मामला है। इंफोर्समेंट में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए संयुक्त आयुक्त डॉ. हिमांशु गुप्ता अब हर तीसरे दिन समीक्षा बैठक करेंगे और सुधारात्मक कदमों की रिपोर्ट देंगे।