यूनिवर्सिटी के शिक्षक हमारे लड़कों के साथ बैठने, खाना खाने आदि पर भी आपत्ति जताते हैं। अब बोल रहे हैं कि रात को आप लड़कों का बाथरूम इस्तेमाल कर लीजिए। यूनिवर्सिटी में प्रदर्शन के दौरान रात को लड़कों के साथ लड़कियां भी होती हैं। ऐसे में उन्हें रात को समस्या आती है। छात्रावास 8-10 बजे तक बंद कर देते हैं। प्रोफेसर कक्षा में हमें महिला सशक्तीकरण के पाठ पढ़ाते हैं और अभी हमारी सैनेटाइजेशन की समस्या भी नहीं समझ रहे।
-मनप्रीत
लड़के कहां जाएंगे
पीयू प्रशासन ने लड़के और लड़कियों का पुस्तकालय के बाहर एक ही शौचालय बना दिया है। इसे अब लड़कियां इस्तेमाल करेंगी। ऐसे में लड़के कहां जाएंगे। पीयू प्रशासन लड़कियों के लिए शौचालय खुलवाए।
-संदीप
फैसला समझ से बाहर
लड़कियों का बोर्ड लगाने से कई बार अनजाने में लड़के चले जाते हैं। ऐसे में लड़कियों को परेशानी होती है। रात को स्टूडेंट सेंटर का शौचालय भी बंद होता है। ऐसे में अब लड़के कहां जाएंगे। फैसला समझ से बाहर है।
- अमन
लड़कों का शौचालय लड़कियों के लिए करवाया है उपलब्ध
पुस्तकालय बंद होने के कारण हम अंदर का शौचालय नहीं खुलवा सकते थे। इसलिए हमने पुस्तकालय के बाहर बना लड़कों के शौचालय पर महिला का साइन लगवाकर कुछ समय के लिए उसे उपलब्ध करवाया है। लड़के कहीं ओर शौचालय इस्तेमाल कर लेंगे। पुस्तकालय के पास ही गणित विभाग का भी शौचालय विद्यार्थियों के लिए खुलवा दिया गया है। चंडीगढ़ प्रशासन का आदेश है कि 31 मार्च तक पुस्तकालय बंद रखा जाए। हम उनके आदेशों का पालन कर रहे हैं। - प्रो. सुखबीर कौर, डीएसडब्ल्यू महिला, पीयू