चैन पुलिंग की सूचना मिलते ही आरपीएफ के जवान व रेल अधिकारी मौके पर पहुंचे और एक व्यक्ति को प्याज की बोरियों समेत काबू कर लिया। व्यक्ति ने नाजायज तौर पर लाए गए प्याज को उतारने के लिए चैन खींची थी। आरपीएफ ने उसके खिलाफ मुकदमा नं. 627/19 के तहत रेलवे अधिनियम की धारा 147 व 141 में मामला दर्ज किया है।
आरपीएफ के सब इंस्पेक्टर अनंगपाल सिंह के अनुसार आरोपी की पहचान मेजर सिंह निवासी कंधवाला रोड के रूप में हुई। हालांकि बाद में उसे जमानत पर छोड़ दिया गया और 25 दिसंबर को मुक्तसर साहिब में पेश किया जाएगा।
चैन पुलिंग की वजह से नांदेड़ साहिब एक्सप्रेस करीब 8 मिनट घटनास्थल पर रुकी रही। वहीं श्रीगंगानगर से आने वाली दैनिक उद्यान आभा एक्सप्रेस पंजकोसी स्टेशन पर करीब पौना घंटा रुकी रही। जिससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। हालांकि इस बात की अधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी लेकिन सूत्र बताते हैं कि यह प्याज की खेप किसी रेलवे अधिकारी की शह पर महाराष्ट्र से पंजाब पहुंची है।
सूत्र बताते हैं कि अबोहर में करीब 24 बोरी प्याज उतारा गया। वहीं इससे अधिक मात्रा में प्याज की बोरियां बठिंडा के आसपास के स्टेशनों पर उतारी गईं। श्री नांदेड़ साहिब से आरक्षित कोच में आई प्याज की यह खेप किसी विभागीय अधिकारी की शह के बिना इतनी लंबी दूरी तय नहीं कर सकती।