खुशी की बात की राज्य में चयनित नौ बेटियों में सोनिया भी परिचालक बनने का सपना पूरा कर चुकी है। वह सोमवार को अपनी ड्यूटी ज्वॉइन करेगी। उसे ट्रेनिंग देकर स्पेशल बस की ड्यूटी दी जाएगी, ताकि शुरुआत में उसका विश्वास बढ़े। -जितेंद्र यादव, वर्कशॉप मैनेजर हिसार।
पिता बोले- बेटी भी बेटों से कम नहीं
मेरी बेटी ने मेरे सारे सपने साकार कर दिए। मुझे विश्वास नहीं हो रहा कि मेरी बेटी हिसार की पहली महिला परिचालक बन गई हैं। मेरी बेटी ने यह साबित कर दिया है कि बेटी भी बेटों से कम नहीं हैं। -फूलकुमार, सोनिया के पिता
मेरी बेटी पर मुझे आज गर्व हो रहा है। बेटी ने घर के काम के साथ मन लगाकर पढ़ाई की और आज उसने दिखा दिया कि लड़की आज के जमाने में कुछ भी कर सकती है। -राजबाला, सोनिया की माता
मैं सोमवार को ड्यूटी ज्वाइन करूंगी। मेरा मेडिकल हो चुका है। सभी लड़कियों से एक बात कहती हूं कि जब मन में हौसला हो तो कोई काम मुश्किल नहीं होता। मेहनत के बल पर मंजिलें आसानी से मिल जाती हैं। -सोनिया, हिसार की पहली महिला परिचालक