एसजीपीसी सदस्य पर परेशान करने का लगाया आरोप
गुरुद्वारा श्री फतेहगढ़ साहिब में सेवादार एक 22 वर्षीय युवक ने बीते 11 अक्तूबर को अमृतसर रेलवे स्टेशन के पास एक ट्रेन के आगे कूदकर अपनी जान दे दी। उसकी पहचान कर्मजीत सिंह उर्फ बंटी पुत्र जतिंदर सिंह निवासी वेरका अमृतसर के तौर पर हुई।
युवक ने मरने से पहले अपनी फेसबुक वॉल पर उसे आत्महत्या के लिए मजबूर करने के लिए फतेहगढ़ साहिब के बस्सी पठाना इलाके के एसजीपीसी सदस्य अवतार सिंह को जिम्मेदार ठहराया है। यहीं नहीं कर्मजीत ने अवतार सिंह की फोटो भी फेसबुक पर डाली थी। इसको आधार मानते हुए अमृतसर रेलवे पुलिस ने 11 अक्तूबर को अवतार सिंह के खिलाफ युवक को मरने के लिए मजबूर करने का मामला दर्ज किया है।
मृतक युवक कर्मजीत के पिता जतिंदर सिंह ने बताया कि उसका बेटा 8 अक्तूबर को फतेहगढ़ साहिब से अमृतसर वेरका स्थित अपने घर पर आया था। वह 11 अक्तूबर को सुबह घर से निकल गया और उसने ट्रेन के आगे कूदकर अपनी जान दे दी। इसकी सूचना उसे किसी व्यक्ति ने फोन पर दी सारी घटना का पता उसे बाद में लगा।
उन्होंने कहा कि आरोपी एसजीपीसी सदस्य ने उनके बेटे को गुरुद्वारा फतेहगढ़ साहिब में नौकरी पर पक्का करवाने के करीब 9 महीने पहले 2 लाख रुपये मांगे थे। उन्होंने 40 हजार रुपये ब्याज पर लेकर अपने बेटे के जरिए भिजवाए थे और बाकी रकम के लिए अवतार सिंह कर्मजीत को तंग करने लगा।
एसजीपीसी सदस्य पर परेशान करने का लगाया आरोप
जब यह मामला एसजीपीसी अध्यक्ष कृपाल सिंह बडूंगर के ध्यान में लाया गया तो अवतार सिंह उसके बेटे को धमकाने लगा और परेशान कर्मजीत ने यह कदम उठा लिया। अपनी मौत का असल जिक्र बेटे ने अपनी फेसबुक पर भी शेयर किया है।
रेलवे पुलिस ने फेसबुक पर दिए नोट को आधार मानते हुए अवतार सिंह पर मामला दर्ज किया है, लेकिन अभी तक उसकी गिरफ्तारी नहीं हुई है। मृतक के पिता ने कहा कि 20 अक्तूबर को उसके बेटे का भोग है। अगर उससे पहले आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हुई तो हम अपना संघर्ष तीखा करेंगे और रोड भी जाम किए जाएंगे।
उधर, शिरोमणि कमेटी अध्यक्ष प्रो कृपाल सिंह बडूंगर ने इस मामले को लेकर अमरजीत सिंह चावला और बलदेव सिंह के नेतृत्व एक जांच कमेटी बनाई गई है। जो मामले की जांच करके प्रधान को अपनी रिपोर्ट पेश करेगी।
रेलवे पुलिस आरोपी अवतार सिंह के फतेहगढ़ साहिब के गांव रया में रेड कर चुकी है, लेकिन आरोपी के घर ताला लगा हुआ है। पुलिस ने अवतार सिंह पर आत्महत्या के लिए मजबूर करने का मामला दर्ज कर लिया है।
- धर्मेंद्र कल्याण, एसएचओ जीआरपी चौकी, अमृतसर रेलवे स्टेशन