चंडीगढ़ में कोरोना के मरीजों की संख्या लगातार घट रही है। पिछले कई दिनों से नए मिलने वाले मरीजों की संख्या 100 से 150 के बीच पहुंच गई है। ऐसे में संक्रमण से बचाव की तैयारियों के साथ अब स्वास्थ्य विभाग का मुख्य फोकस कोरोना से जंग जीत चुके उन मरीजों पर है जो किसी न किसी गंभीर बीमारी से ग्रस्त हैं। स्वास्थ्य निदेशक डॉ. अमनदीप कंग का कहना है कि गंभीर बीमारियों से ग्रस्त मरीजों में कोरोना के बाद एंटीबॉडी बनने की क्षमता काफी धीमी हो जाती है।
ऐसी स्थिति में सेकेंड पीक में उन्हें कोरोना होने का खतरा ज्यादा है। ऐसे में उन मरीजों पर स्वास्थ्य विभाग ज्यादा फोकस कर रहा है। ऐसे मरीजों का लगातार फॉलोअप लिया जा रहा है ताकि किसी भी तरह की समस्या होने पर उन्हें तत्काल चिकित्सकीय परामर्श दिया जा सके। बता दें कि शहर में अब तक कोरोना से हुई 182 मौतों में से 90 प्रतिशत से ऐसे लोग थे जो कोरोना पॉजिटिव होने के साथ ही किसी न किसी गंभीर बीमारी से ग्रस्त थे। डॉ. कंग ने बताया कि पुरानी बीमारियों से जूझ रहे ऐसे मरीजों के घर पर जाकर उनकी जांच को बढ़ाने का निर्देश दिया गया है।
एएनएम और स्वास्थ्य कर्मियों को कोरोना पर जीत दर्ज कर चुके ऐसे मरीजों की सूची दे दी गई है। साथ ही उन्हें निर्देशित किया गया है कि वह 2 दिन में तीन बार ऐसे मरीजों का फॉलोअप जरूर लें। फॉलोअप के दौरान उनका ऑक्सीजन लेवल, तापमान का चार्ट व उनकी बीमारी से जुड़ी महत्वपूर्ण बिंदुओं पर फीडबैक नोट किया जाएगा ताकि उसके आधार पर यह निष्कर्ष निकाला जा सके कि कोरोना के बाद उनकी स्थिति ज्यादा गंभीर तो नहीं हो रही है। जिन मरीजों में स्थिति गंभीर पाई जाएगी उन्हें तत्काल भर्ती कर उनका इलाज शुरू किया जाएगा।